Ghazipur Fake IT Officer : गाजीपुर में फर्जी इनकम टैक्स अधिकारी बनकर व्यापारियों से वसूली करने वाले 'स्पेशल-26' गिरोह का भंडाफोड़। व्यापारियों की सतर्कता से 7 आरोपी गिरफ्तार, मास्टरमाइंड फरार।
गाजीपुर: उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले में ठगी का एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां अक्षय कुमार की फिल्म 'स्पेशल-26' की तर्ज पर फर्जी इनकम टैक्स अधिकारी बनकर व्यापारियों से वसूली करने वाले गिरोह का भंडाफोड़ हुआ है। एसपी सिटी डॉ. राकेश मिश्रा ने इस सनसनीखेज मामले का खुलासा करते हुए बताया कि पुलिस ने अब तक इस गिरोह के सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि मास्टरमाइंड अभी भी पुलिस की पकड़ से बाहर है।
यह गिरोह पिछले कई दिनों से शादियाबाद और सैदपुर क्षेत्र के बाजारों में सक्रिय था। गिरोह के सदस्य लग्जरी गाड़ियों में सवार होकर दुकानों पर पहुंचते थे। खुद को आयकर विभाग का बड़ा अधिकारी बताकर वे दुकानों के बही-खाते चेक करने का नाटक करते और फिर 'अनियमितता' मिलने का डर दिखाकर व्यापारियों को जेल भेजने की धमकी देते थे। कार्रवाई से बचने के बदले वे व्यापारियों से मोटी रकम वसूलते थे।
इस फर्जीवाड़े का अंत तब हुआ जब गुरुवार को यह गिरोह शादियाबाद बाजार पहुंचा। संदिग्ध गतिविधियों को देखकर स्थानीय व्यापारियों को शक हुआ। उद्योग व्यापार मंडल के अध्यक्ष इकरामुल हक की अगुवाई में जब व्यापारियों ने इन 'अधिकारियों' से आईडी कार्ड माँगा और कड़ाई से पूछताछ की, तो वे घबराने लगे।
व्यापारियों का घेरा सख्त होते देख फर्जी अधिकारियों ने भागने की कोशिश की, लेकिन भीड़ ने उन्हें पकड़ लिया और पुलिस के हवाले कर दिया।
पुलिस जांच में सामने आया है कि इस गिरोह का मुख्य सरगना सरस कुमार गुप्ता है, जो सादात थाना क्षेत्र का रहने वाला है। वह गिरोह के बीच खुद को 'चीफ कमिश्नर' बताता था ताकि व्यापारियों पर रौब झाड़ा जा सके। गिरोह में करीब आठ सदस्य शामिल थे, जिनमें एक महिला भी सक्रिय भूमिका निभा रही थी।
एसपी सिटी ने बताया कि पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ कर गिरोह के पूरे नेटवर्क को खंगाला जा रहा है। फरार मुख्य आरोपी सरस कुमार गुप्ता की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की कई टीमें दबिश दे रही हैं। व्यापारियों की तहरीर पर गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।