नखतपुर गांव में एक बुजुर्ग की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के बाद परिवार ने गंभीर आरोप लगाते हुए अंतिम संस्कार रोक दिया, जिससे गांव में तनावपूर्ण स्थिति बन गई। नखतपुर निवासी लक्षिराम पाल (60) का शुक्रवार सुबह निधन हुआ था। ग्रामीणों के अनुसार, लक्षिराम ने करीब डेढ़ वर्ष पहले रीता देवी से चौथी शादी की थी और वह पत्नी के साथ परिवार से अलग रहकर जीवन यापन कर रहे थे।
UP Crime: गाजीपुर जिले के मरदह थाना क्षेत्र के नखतपुर गांव में एक बुजुर्ग की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के बाद परिवार ने गंभीर आरोप लगाते हुए अंतिम संस्कार रोक दिया, जिससे गांव में तनावपूर्ण स्थिति बन गई। नखतपुर निवासी लक्षिराम पाल (60) का शुक्रवार सुबह निधन हुआ था। ग्रामीणों के अनुसार, लक्षिराम ने करीब डेढ़ वर्ष पहले रीता देवी से चौथी शादी की थी और वह पत्नी के साथ परिवार से अलग रहकर जीवन यापन कर रहे थे।
मौत की खबर मिलते ही मुंबई में रह रहे उनके भतीजों ने फोन के माध्यम से अंतिम संस्कार न करने की अपील की और बाद में गांव पहुंचकर चाची पर जहर देकर हत्या करने का आरोप लगाया। देर शाम मुंबई निवासी भतीजा जयप्रकाश पाल घर पहुंचा और पुलिस को लिखित प्रार्थना पत्र देकर आरोप लगाया कि रीता देवी ने विषाक्त पदार्थ देकर चाचा की जान ली है। इस सूचना के बाद गांव में बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हो गए और घटना को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं होने लगीं।
पुलिस ने मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए शव को अपने कब्जे में लिया और शनिवार शाम उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मरदह थानाध्यक्ष तारावती यादव ने बताया कि भतीजे के प्रार्थना पत्र के आधार पर जांच शुरू कर दी गई है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के असली कारणों की पुष्टि हो सकेगी। उन्होंने कहा कि फिलहाल किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी, लेकिन हर बिंदु की बारीकी से छानबीन की जा रही है।
घटना के बाद गांव में गहमागहमी बनी रही। पुलिस टीम लगातार स्थानीय लोगों से जानकारी जुटा रही है और परिवार के बयान भी दर्ज किए जा रहे हैं। प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है, ताकि जांच निष्पक्ष और सुचारू रूप से आगे बढ़ सके। मामले में आगे की कार्रवाई पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच निष्कर्षों के आधार पर तय की जाएगी।