Gonda Crime: पति के जेल जाने के बाद पत्नी ने एक युवक से प्रेम विवाह कर लिया। उसके बाद दोनों नवाबगंज क्षेत्र के कस्बा शिवदायलगंज में किराया का मकान लेकर रहने लगे। इस दौरान प्रेमिका ने एक बेटी जन्म दिया। फिर किसी बात को लेकर दोनों में विवाद होने लगा। एक दिन विवाद के दौरान प्रेमी ने प्रेमिका की हत्या कर शव को कमरे में छोड़कर 11 माह की बेटी को लेकर फरार हो गया। पुलिस की कड़ी मशक्कत के बाद पूरे घटनाक्रम से पर्दा उठा तो पुलिस भी हैरान रह गई।
Gonda Crime: गोंडा जिले के नवाबगंज पुलिस को एक महिला ने सूचना दी कि कस्बा स्थित उसने अपना मकान 5 माह पहले किराए पर दिया था। मकान से दुर्गंध आने पर जाकर देखा तो उसमें एक महिला का शव पड़ा था। सूचना पर पहुंची पुलिस ने जांच पड़ताल के बाद शव को कब्जे में लेकर पंचनामा के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। महिला की पहचान नहीं हो रही थी। तो पुलिस ने सोशल मीडिया का सहारा लिया। इस दौरान प्रयागराज जिले के थाना सोराव के गांव पकड़ीतर के रहने वाले रवि शंकर पुत्र छोटेलाल ने मृतका की पहचान अपनी पत्नी के रूप में किया। पुलिस ने रविशंकर की तहरीर पर अनिल उर्फ मो. अनस के खिलाफ केस दर्ज कर जांच पड़ताल शुरू की।
Gonda Crime: गोंडा जिले की नवाबगंज पुलिस ने कौशांबी जिले के पिपरी थाना के गांव पुरैनी के रहने वाले अनिल उर्फ मो.अनश पुत्र मो. सलमान 15 हजार के इनामी हत्यारोपी को गिरफ्तार कर लिया है। करीब तीन महीने से पुलिस को चकमा देकर आरोपी फरार चल रहा था। आरोपी ने पुलिस को पूछताछ के दौरान बताया कि उमा देवी के पति रविशंकर वर्ष 2023 में जेल गया था। जिससे उमा देवी अपने माँ के घर रहती थी। आरोपी अनिल उर्फ मो.अनश का उमा देवी के मां के घर आना जाना रहता था। उसी दौरान आरोपी की मुलाकात उमा देवी से हुई। जहां से दोनो में प्रेम प्रसंग शुरू हो गया। दोनो शादी करके थाना नवाबगंज के शिवदयालगंज बाजार में किराये के मकान में रहकर अयोध्या में मेहनत मजदूरी करते थे। दोनो से 11 माह की एक पुत्री थी।
आरोपी पहले से शादीशुदा था। जिनसे 3 बच्चे थे। उसकी इच्छा थी। दोनो पत्नी को एक साथ घर पर रखने की। परन्तु उमा देवी तैयार नही थी। इस बात को लेकर उमा देवी से अक्सर झगड़ा हुआ करता था। बीते 20 अगस्त को इसी बात को लेकर झगड़ा हुआ। तो अनिल उर्फ अनस ने उमा देवी का सिर दीवार से लड़ा दिया। जिससे उसे गंभीर चोट लग गई। उसके बाद पास में रखे चाकू से उमा देवी के पेट में मार दिया जिससे उमा देवी की मौके पर ही मृत्यु हो गयी। वह अपनी 11 माह की बच्ची को लेकर पुलिस से बचने के लिए फरार हो गया था।