
Gonda News:गोंडा में बर्तन कारोबारी विनोद साहनी की हत्या के बाद सियासी हलचल तेज हो गई है। मंगलवार को पूर्व कैबिनेट मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य की पार्टी अपनी जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष सुभाष चंद्र लहरी प्रतिनिधिमंडल के साथ करनैलगंज पहुंचे। पुलिस ने उन्हें पीड़ित परिवार से मिलने से रोक दिया। नेताओं को हिरासत में लेकर कोतवाली पहुंचाया गया। प्रदेश अध्यक्ष ने पुलिस पर भेदभाव करने और मुख्यमंत्री के इशारे पर रोकने का आरोप लगाया।
गोंडा जिले में विनोद साहनी हत्याकांड के बाद जिले में राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। मंगलवार को पूर्व कैबिनेट मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य की पार्टी अपनी जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष सुभाष चंद्र लहरी प्रतिनिधिमंडल के साथ करनैलगंज पहुंचे। वह विनोद साहनी के पीड़ित परिवार से मुलाकात करना चाहते थे, लेकिन पुलिस ने उन्हें परिवार से मिलने नहीं दिया।
अपनी जनता पार्टी के नेताओं के करनैलगंज पहुंचने की सूचना के बाद पुलिस पहले से सतर्क थी। पुलिस ने जगह-जगह नाकाबंदी कर रखी थी। इसके बावजूद पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष सुभाष चंद्र लहरी और उनके साथ आए नेता पुलिस को चकमा देकर करनैलगंज के मौर्यनगर चौराहे तक पहुंच गए। इसी दौरान पुलिस ने उन्हें रोक लिया। आरोप है कि पुलिस ने नेताओं को जबरन गाड़ी में बैठाया और कोतवाली लेकर पहुंची। इस कार्रवाई के बाद मौके पर राजनीतिक माहौल गरमा गया। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ने उन्हें परिवार से मिलने से रोक दिया। प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि मुख्यमंत्री के इशारे पर हम लोगों को रोका गया है, जो सही बात नहीं है। प्रशासन भेदभाव कर रहा है।
सुभाष चंद्र लहरी ने कहा कि वह कोई उठाईगीर नहीं हैं। बल्कि अपनी जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष हैं। इसके बावजूद पुलिस उन्हें पीड़ित परिवार से मिलने नहीं दे रही है। गोंडा के परसपुर थाना क्षेत्र में बर्तन कारोबारी विनोद कुमार साहनी पर जानलेवा हमला हुआ था। इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई थी। इस घटना के बाद निषाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और प्रदेश सरकार के मंत्री डॉ. संजय निषाद ने भी गोंडा पहुंचकर विरोध जताया था।
अब अपनी जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष का करनैलगंज पहुंचना और पुलिस द्वारा उन्हें रोकना मामले को लेकर सियासी चर्चा तेज कर रहा है। पार्टी नेताओं ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। वहीं, पीड़ित परिवार से मुलाकात नहीं हो पाने को लेकर प्रदेश अध्यक्ष ने नाराजगी जताई है।