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Gonda: 4 साल पुराने छेड़छाड़ केस में आया फैसला, POCSO कोर्ट ने दोषी सलमान उर्फ गोलू को सुनाई 3 साल की सजा

Gonda News: गोंडा के कोतवाली नगर में नाबालिग से छेड़छाड़ के करीब चार साल पुराने मामले में POCSO कोर्ट ने सलमान उर्फ गोलू को दोषी करार दिया। अदालत ने उसे तीन साल के कारावास और 20 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत प्रभावी पैरवी के बाद फैसला आया।
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सांकेतिक फोटो

Gonda News:गोंडा में नाबालिग बालिका से छेड़छाड़ के करीब चार साल पुराने मामले में अदालत ने दोषी को सजा सुनाई है। कोतवाली नगर में 15 जुलाई 2022 को दर्ज मुकदमे में सुनवाई पूरी होने के बाद अपर सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश पॉक्सो कोर्ट ने सलमान उर्फ गोलू को दोषी करार दिया। अदालत ने उसे तीन साल के कारावास के साथ 20 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है।

गोंडा जिले के कोतवाली नगर क्षेत्र में नाबालिग बालिका से छेड़छाड़ के करीब चार साल पुराने मामले में अदालत ने दोषी अभियुक्त को सजा सुनाई है। अपर सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश पॉक्सो कोर्ट निर्भय प्रकाश ने मामले की सुनवाई पूरी करने के बाद अभियुक्त सलमान उर्फ गोलू को दोषसिद्ध किया। अदालत ने उसे तीन साल के कारावास और 20 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है। मामला 15 जुलाई 2022 का है। कोतवाली नगर थाने में नाबालिग बालिका के साथ छेड़छाड़ के संबंध में अभियोग दर्ज कराया गया था। मुकदमे में पुलिस ने पंतनगर फोरबिसगंज के रहने वाले सलमान उर्फ गोलू पुत्र इशरार अली उर्फ ननके को अभियुक्त बनाया था। वह कोतवाली नगर क्षेत्र का रहने वाला है। मुकदमा दर्ज होने के बाद कोतवाली नगर पुलिस ने मामले में नियमानुसार विवेचना और अन्य आवश्यक विधिक कार्रवाई पूरी की। इसके बाद प्रकरण न्यायालय में पहुंचा। जहां मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने प्रभावी ढंग से पैरवी की।

ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत हुई प्रभावी पैरवी

गोंडा पुलिस की ओर से बताया गया कि ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत चिन्हित अपराधों में दोषी अभियुक्तों को न्यायालय से अधिकतम और त्वरित दंड दिलाने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत इस मामले में भी पुलिस और अभियोजन पक्ष ने लगातार पैरवी की।

अपर सत्र न्यायाधीश की कोर्ट ने सुनाया फैसला

मामले की प्रभावी पैरवी में मॉनिटरिंग सेल, लोक अभियोजक अशोक सिंह, कोर्ट मोहर्रिर महिला कांस्टेबल वंदना और कोतवाली नगर थाने के पैरोकार कांस्टेबल रॉयल की भूमिका रही। अभियोजन की ओर से रखे गए पक्ष और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर अदालत ने अभियुक्त को दोषी माना। इसके बाद 15 सितंबर 2026 को अपर सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश पॉक्सो कोर्ट निर्भय प्रकाश ने सलमान उर्फ गोलू को दोषसिद्ध करते हुए तीन साल के कारावास और 20 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। पुलिस का कहना है कि ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत ऐसे मामलों में प्रभावी पैरवी कर दोषियों को न्यायालय से सजा दिलाने की कार्रवाई लगातार जारी है।