DG फायर मंगलवार को गोरखपुर दौरे ओर फायर स्टेशन पहुंचे। निरीक्षण के दौरान सभी व्यवस्थाओं का बारीकी से जायजा लिया गया और जहां सुधार की जरूरत है, वहां आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए। आने वाले समय में इन सुधारों के परिणाम भी देखने को मिलेंगे।
मंगलवार को गोरखपुर में उत्तर प्रदेश अग्निशमन एवं आपात सेवा के DG सुजीत पाण्डेय ने गोलघर फायर स्टेशन का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक कर व्यवस्थाओं की समीक्षा की और जरूरी निर्देश दिए।
इस दौरान उन्होंने आने वाले महीनों में आग लगने की बढ़ती घटनाओं को लेकर विशेष सतर्कता बरतने पर जोर दिया।इसलिए सभी फायर स्टेशनों की तैयारियों का आकलन किया गया है। इसमें स्टाफ की उपलब्धता, फायर ब्रिगेड गाड़ियों की संख्या और उनकी स्थिति सहित अन्य संसाधनों की जांच की गई। बैठक में कई जिलों के मुख्य अग्निशमन अधिकारी भी शामिल हुए।
DG ने बताया कि हर क्षेत्र में आग लगने की घटनाओं पर अलग अलग तरीके से निपटना पड़ता है। खुले क्षेत्रों के लिए बड़ी गाड़ियां, गलियों के लिए छोटी गाड़ियां और औद्योगिक क्षेत्रों के लिए विशेष उपकरणों वाली गाड़ियों की आवश्यकता होती है।
DG सुजीत पाण्डेय ने बताया कि गर्मी के मौसम को देखते हुए लोगों को जागरूक करने के लिए 14 अप्रैल से एक सप्ताह का विशेष अभियान चलाया जाएगा। इसके साथ ही गांव-गांव ‘अग्निमित्र’ बनाए जाएंगे, जो लोगों को आग से बचाव के उपाय बताएंगे, आग लगने के हादसों से निपटने के लिए जागरूकता भी जरूरी है। प्रदेश में फायर सर्विस की गाड़ियों का मूवमेंट टाइम एक मिनट के अंदर रखने का लक्ष्य है, जिससे समय रहते आग पर काबू पाया जा सके।
फायर सर्विस के आधुनिकीकरण के लिए नई टेक्नोलॉजी पर खास ध्यान दिया जा रहा है। महानगरों के लिए हाइड्रोलिक प्लेटफॉर्म और अन्य आधुनिक उपकरण खरीदे जा रहे हैं। इसके साथ ही कंट्रोल रूम में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के इस्तेमाल की तैयारी भी की जा रही है, जिसके की कार्यक्षमता और प्रभावी हो।