गोरखपुर की कभी शान रहा नेहरू पार्क अब बदहाली के दौर में चल रहा है। आजादी के आंदोलन के दौरान यहीं पंडित नेहरू ने सभा की थी। इसी कारण लालडिग्गी स्थित इस पार्क का नाम नेहरू पार्क किया गया। नगर निगम अब इस पार्क को फिर से पुनर्जीवित कर गोरखपुरवासियों को तोहफा देगा।
गोरखपुर शहर में स्थित नेहरू पार्क के दिन अब बहुरने वाले हैं। नगर निगम इस पार्क को पर्यटन स्थल की तर्ज पर विकसित करने जा रहा है। राज्य स्मार्ट सिटी योजना के तहत इसके लिए 26 करोड़ का प्रस्ताव तैयार किया है।निगम ने दिल्ली के कर्तव्य पथ को डिजाइन करने वाली आर्किटेक्ट फर्म से पार्क के जीर्णोद्धार व सुंदरीकरण के लिए डिजाइन तैयार कराया है। नगर आयुक्त गौरव सिंह सोगरवाल के मुताबिक मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और विभाग के प्रमुख सचिव के सामने पार्क की डिजाइन का प्रस्तुतिकरण भी हो चुका है।
इसके पूर्व दिसंबर 2023 में भी नगर निगम ने पीपीपी मोड पर 10 करोड़ की लागत से पार्क की सूरत बदलने का प्रयास किया था। ई-निविदा भी आमंत्रित की गई थी लेकिन अब इसमें थोड़ा बदलाव कर नए सिरे से परियोजना को आगे बढ़ाने का निर्णय किया गया है।नगर आयुक्त ने बताया कि मुख्यमंत्री और प्रमुख सचिव के साम ने प्रस्तुतिकरण के दौरान कुछ और सुझाव मिले हैं। इन्हें भी प्रस्ताव में शामिल किया जा रहा है। लागत भी थोड़ा कम करने पर काम चल रहा है।
पार्क में फूडकोर्ट, बच्चों के मनोरंजन के लिए बाल वाटिका, संगीतमय फौब्बारा, ओपन एयर थियेटर बनाया जाएगा। इसके अलावा यहां लेजर-शो भी होंगे। पार्क में प्रवेश प्रांगण, पंडित नेहरू प्रतिमा स्थल के सुंदरीकरण के साथ ही अमर शहीद राम प्रसाद बिस्मिल का स्मारक भी बनाया जाएगा। पार्किंग और टायलेट ब्लाक भी बनाए जाएंगे। देखरेख के अभाव में खूबसूरत लाल डिग्गी पार्क वर्तमान में खंडहर बन गया है। जगह-जगह पाथ वे उखड़ गए हैं। झूले और फब्बारा टूटा है। चहारदीवारी तक टूट रही है। रोशनी का इंतजाम नहीं है। बोटिंग के लिए बना तालाब सूखा है।
नगर आयुक्त गौरव सिंह सोगरवाल ने कहा कि लालडिग्गी पार्क का सुंदरीकरण कराकर शहर के बड़े पर्यटन स्थलों के तौर पर विकसित किया जाएगा। यहां बच्चों से लेकर बड़ों तक के मनोरंजन के साथ ही लोगों को टहलने के लिए पाथ-वे, फूड कोर्ट समेत कई अत्याधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। पहले इसे पीपीपी मोड पर विकसित करने की योजना थी लेकिन अब इसे राज्य स्मार्ट सिटी परियोजना अंतर्गत विकसित किया जाएगा। जल्द ही संशोधित प्रस्ताव शासन को भेज दिया जाएगा।