गोरखपुर

Gorakhpur news : मुख्यमंत्री योगी आज करेंगे नाथ पंथ पर संगोष्ठी का शुभारंभ, प्रसिद्ध विद्वानों का होगा जमावड़ा

गोरखनाथ मंदिर में महंत दिग्विजयनाथ की 55वीं एवं महंत अवेद्यनाथ की 10वीं पुण्यतिथि पर गोरखनाथ मंदिर में श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ शनिवार को दोपहर 2:30 बजे से होगा। जबकि, व्याख्यानमाला का शुभारंभ 15 सितंबर को होगा।पुण्यतिथि सप्ताह समारोह के उद्घाटन व समापन समारोह में मुख्यमंत्री एवं गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ भी सम्मिलित होंगे।

less than 1 minute read
Sep 14, 2024

DDU गोरखपुर विश्वविद्यालय एवं हिन्दुस्तानी एकेडेमी उ.प्र. प्रयागराज के संयुक्त तत्त्वावधान में आयोजित 'समरस समाज के निर्माण में नाथपंथ का अवदान' विषयक द्विदिवसीय अन्तर्राष्ट्रीय संगोष्ठी का शुभारंभ कल मुख्य अतिथि माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ करेंगे।दीक्षा भवन में आयोजित होने वाले उद्घाटन सत्र की अध्यक्षता कुलपति प्रो. पूनम टण्डन करेंगी। इस संगोष्ठी में विशिष्ट अतिथि इंदिरा गांधी नेशनल ट्राइबल यूनिवर्सिटी, अमरकंटक के कुलपति प्रो श्रीप्रकाश मणि त्रिपाठी होंगे।14-15 सितम्बर को आयोजित इस संगोष्ठी में देश-विदेश के नाथपंथ के ख्यातिलब्ध विद्वान भाग लेंगे।दीक्षा भवन में 15.09.2024 को अपराह्न 02:00 आयोजित समापन सत्र में मुख्य अतिथि पद्‌मश्री प्रो. विश्वनाथ प्रसाद तिवारी, पूर्व अध्यक्ष, साहित्य अकादेमी, नई दिल्ली होंगे। सत्र की अध्यक्षता कुलपति प्रो. पूनम टण्डन करेंगी।

छह तकनीकी सत्रों में होगी चर्चा

समापन एवं उद्घाटन सत्र के अलावा छह तकनीकी सत्रों में नाथ पंथ के विभिन्न पहलुओं पर ख्यातिलब्ध विद्वानों द्वारा चर्चा की जाएगी। दो दिन के इस संगोष्ठी में छह तकनीकी सत्रों में विभिन्न उपविषयों जैसे नाथपन्थ का वैश्विक प्रदेय, नाथपंथीय साहित्य में सामाजिक समरसता, स्वतंत्रता आंदोलन में नाथ पंथ का अवदान, नाथ सिद्ध परंपरा एवं साधना प्रक्रिया तथा नाथपंथीय विश्वकोश पर गहन मंथन एवं चर्चा की जाएगी।

पुस्तकों एवं पत्रिकाओं का होगा विमोचन

माननीय मुख्यमंत्री एवं कुलपति द्वारा इस संगोष्ठी के उद्घाटन सत्र में तीन पुस्तक एवं पत्रिकाओं का विमोचन किया जाएगा जिसमें डॉ पद्मजा सिंह द्वारा लिखित नाथ पंथ का इतिहास तथा महायोगी गुरु श्री गोरखनाथ शोध पीठ की पत्रिका कुंडलिनी शामिल हैं।इस अवसर पर विश्वविद्यालय में एक दिव्यांगजन कैंटीन का उद्घाटन माननीय मुख्यमंत्री द्वारा किया जायेगा। कुलपति ने बताया कि दिव्यांगजन कैंटीन का संचालन दिव्यांगजन ही करेंगे। इसके पीछे विश्वविद्यालय का मकसद उनके लिए रोजगार का अवसर उपलब्ध कराना है।उच्च शिक्षा सचिव एमपी अग्रवाल तथा कुलपति प्रोफेसर पूनम टंडन ने दीक्षा भवन जाकर तैयारी की जानकारी ली। इसके साथ ही दिव्यांगजन कैंटीन का भी निरीक्षण किया।

Published on:
14 Sept 2024 09:16 am
Also Read
View All

अगली खबर