गोरखपुर

हुस्न और मुनाफे का लालच व्यापारी को पड़ गया भारी…लड़की और कमीशन मिलने के चक्कर में गंवा बैठा 93.61 लाख

गोरखपुर में एक व्यापारी से लाखों रुपए की जालसाजी का मामला सामने आया है। ट्रेडिंग में मुनाफे का लालच दिखाकर जालसाजों ने व्यापारी से 93.61 लाख हड़प लिए
2 min read
Nov 28, 2025
Up news, gorakhpur
फोटो सोर्स: इमेज, व्यापारी से करोड़ों की ठगी

गोरखपुर में जालसाजों ने व्यापारी को बड़ी चालाकी से अपने चक्रव्यूह में फंसा कर उससे 93.61 लाख रुपये हड़प बैठे। ठगी के शिकार व्यापारी का आरोप है कि फेसबुक पर एक लड़की ने फ्रेंडशिप की। इसके बाद ट्रेडिंग में अच्छा मुनाफा कराने का लालच देकर पैसे जमा कर लिए। बार-बार और पैसे की डिमांड करने के बाद जालसाजी का अहसास हुआ। इसके बाद साइबर अपराध थाने में तहरीर देकर अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है, फिलहाल साइबर अपराध थाने की पुलिस जांच कर रही है।

बिजनेस वूमेन बताकर व्यापारी से क्लोज हुई, ग्रुप मेंबर्स से भी कराई बातचीत

जानकारी के मुताबिक शहर के राजघाट थान क्षेत्र के साहबगंज में रहने वाले विजय आनंद लोहिया ने बताया कि फेसबुक पर ऋतिका गुप्ता नाम की लड़की ने फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजा। जिसने अपने आप को बिजनेस वूमेन बताया और मुझसे जुड़ गई। इसके बाद व्हाट्सएप नंबर का आदान प्रदान हुआ। दाेनों लोग व्हाट्सएप चैट से बातें करने लगे।ऋतिका ने चैट के माध्यम से बताया कि वह अपने सीनियर साकेत मित्तल, आकाश, संजीव व मेघना ने मिलकर एक ट्रेडिंग कोराबार ट्रस्ट क्वाइन ट्रेडिंग के नाम से कारोबार चलाते हैं, जिसका चीफ साकेत मित्तल हैं। लड़की ने उनके व्हाट्सएप चैट से बात कराई। उसने कारोबार समझाया कि हम लोग क्रिस्टो ट्रेडिंग करने का कारोबार करते हैं। उन्होंने अपनी बातों को समझाया।

वॉट्सएप पर लिंक भेजकर ट्रेडिंग का लाभ दिखाई, झांसे में आकर व्यापारी भी जुड़ा

व्हाट्सएप पर लिंक भेजकर अपने ग्रुप में शामिल लोगों का ट्रेडिंग लाभ दिखाया। यह सब देखकर तीन दिन की ट्रेडिंग करने के लिए सहमत हो गया। धीरे धीरे व्यापारी का लालच बढ़ने लगा जिसका जालसाज खूब फायदा उठाए। इस तरह से प्राफिट का लालच देकर मुझसे काफी पैसे जमा कराए गए। बाद में मेरा बैलेंंस 1 करोड़ 31 लाख 7 हजार रुपये शो करने लगा।इसमें से कमीशन के नाम पर 30 प्रतिशत राशि 39 लाख 39 हजार रुपये ट्रांसफर कर लिया।

प्रॉफिट के विड्रॉल पर खुली पोल, करने लगे पैसे की और मांग

इसके बाद कंपनी के प्रमुख साकेत मित्तल से व्हाट्सएप चैट के माध्यम से बात करके अपना प्राफिट के विड्रॉल के बारे में पूछा। तब उन्होंने कस्टमर केयर का नंबर देकर बात करने के लिए कहा। इसके बाद विड्राल के नाम पर कई बार में पैसे जमा कराए गए। बाद में और पैसे जमा कराने की डिमांड की गई। चेतावनी दी कि अगर पैसे जमा नहीं हुए तो सारी रकम फ्रीज कर दी जाएगी। तब मुझे जालसाजी का अहसास हुआ। इस संबंध में साइबर क्राइम थाना प्रभारी रशीद खान का कहना है कि मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। बैंक से संपर्क कर जिन खातों में पैसे गए हैं, उनके बारे में पता लगाया जा रहा है।

Updated on:
28 Nov 2025 10:29 pm
Published on:
28 Nov 2025 10:29 pm