खाकी से दूरी बनाने वाले इस पुलिसवाले से जुड़ने को हैं बेताब
गोरखपुर। अमूमन खाकी से लोग दूरी ही बनाए रखना चाहते हैं लेकिन गोरखपुर में एक खाकीवाले ने ऐसा काम कर दिया है कि हर कोई उससे जुड़ने को बेताब है। पुलिस विभाग ही नहीं आमजन भी तारीफ करने से खुद को रोक नहीं पा रहे।
जी हां, गोरखपुर के धर्मशाला पुलिस चौकी पर तैनात चौकी इंचार्ज प्रमोद सिंह ने शहर में पुलिस का एक नया चेहरा सबके सामने लाया है।
प्रमोद सड़कों के किनारे कूड़े की ढेर में अपना बचपन खो रहे बच्चों के लिए मसीहा साबित हो रहे। दो जून की रोटी के लिए कूड़े की ढेर से कबाड़ आदि निकाल कर उसे बेचने वाले बच्चों की जरूरतों को पूरा कर रहे हैं। वह इनके लिए रोटी-कपड़ा की व्यवस्था तो पहले से ही करते रहे हैं अब इस काम को एक स्थायित्व देते हुए बाकायदा एक सेंटर खोल दिए हैं। इस काम में उनकी मदद किया है उनके महकमे और शहर के कुछ जुनूनी लोगों ने। शहर के धर्मशाला के पास 'हम हैं ना' नामक जगह का निर्माण कराया जहां पर जरूरतमंद लोगों को कपड़ा शिक्षा और भोजन निशुल्क मिलेगा।
प्रमोद सिंह बताते हैं कि यहां गरीब-बेसहारा बच्चों के अलावा असहाय बुजुर्गाें को भी खाना मुहैया कराया जाएगा। फिलहाल ऐसे करीब डेढ़ सौ लोगों को चिंहित किया गया है जिनको रोज खाना खिलाया जाएगा। इनके बैठने के लिए सीमेंटेड टेबल-बेंच भी बनवाया जा रहा है। असहायों को मदद के लिए एक एंबुलेंस भी रखा गया है इसका टोल फ्री नंबर होगा जिससे किसी जरूरतमंद की मदद हो सके। फस्र्ट एड के लिए धर्मशाला चैकी के पास ही व्यवस्था की गई है। यहां सभी जरूरी चिकित्सीय जरूरतों के सामान उपलब्ध होंगे। उन्होंने बताया कि इस जगह पर लोगों द्वारा उपलब्ध कराए जाने वाले पुराने कपड़ों को धुलवा कर रखा जाएगा जो जरूरतमंदों को दिया जा सके। इसी कैंप में कूड़ा बीनने वाले बच्चों को शिक्षित भी किया जाएगा।
एसएसपी शलभ माथुर ने की 'हम हैं ना' का उद्घाटन
धर्मशाला चौकी के पास बनवाए गए 'हम हैं ना' कैंप का उद्घाटन एसएसपी शलभ माथुर ने किया है। एसएसपी ने इंचार्ज प्रमोद सिंह व उनकी टीम की सराहना करते हुए कहा कि यह टीम उन लोगों के लिए कार्य कर रही है जो समाज की मुख्यधारा से काफी दूर हो गए हैं। जिनके दिन और रात का कोई ठिकाना नहीं होता और तो और जो गरीब यात्री जरूरतमंद हैं उनकी भी सहायता ये 'हम हैं ना' कर रहा है।
प्रमोद सिंह के साथ इन लोगों का है योगदान
एसआई प्रमोद सिंह के साथ शहर के ढेर सारे चेहरे इस पुनीत काम में सहयोगी भूमिका में शुरू से लगे हैं। संस्थापक सदस्यों में डाॅ.त्रिलोक रंजन, डाॅ.राजेश यादव, डाॅ.सुरेश सिंह, अजय जायसवाल, हरगोविंद प्रवाह, हरगोविंद भंडारी, विक्की कुकरेजा, अतुल मित्तल, राजेश नेमानी, दीपक सिंह और प्रमोद सिंह की पत्नी पूनम।