
Noida Crime News: नोएडा की रहने वाली छात्रा भारती और उसका पूरा परिवार पिस्टल वाली चाची के खौफ से दर—दर की ठोकरें खा रहा है। यूपीएससी की तैयारी कर रही छात्रा भारती के अनुसार बांग्लादेशी महिला उसकी चाची बन गई है। उसने दूसरी चाची के साथ मिलकर छात्रा के परिवार को पिस्टल दिखाकर बेघर कर दिया है।
छात्रा और उसके परिवार के गुजरात जाने के दौरान पैतृक मकान पर कब्जा कर पूरा सामान बेच दिया है। इसके चलते पीड़ित परिवार पार्कों में रहकर गुजारा कर रहा है। शिकायत के बाद जेवर कोतवाली पुलिस ने मामले में छात्रा की चाचियों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू की है।
भारती ने बताया कि वह बीए अंतिम वर्ष की छात्रा है। वह दिल्ली में यूपीएससी की तैयारी कर रही है। उनके पिता तीन साल पहले नौकरी की तलाश में परिवार के साथ गुजरात चले गए थे। तीन साल बाद जब वो वापस अपने घर लौटे तो उन्हें पता चला कि उनके हिस्से का मकान चाची अन्नू और दूसरी चाची सीमा ने कब्जा लिया है।
पीड़िता का कहना है कि बांग्लादेश की रहने वाली चाी अन्नू पिस्टल दिखाकर धमकी देती है और घर में घुसने पर गोली मारने की बात करती है। इसके चलते भारती, उसके पिता, मां और भाई घर में कब्जा पाने और आरोपियों पर कार्रवाई के लिए भटक रहे हैं। थाने में दर्ज एफआईआर में भारती ने कहा है कि अन्नू अनैतिक कार्यों में लिप्त है।
इसके चलते आपराधिक गतिविधियों वाले लोगों से उसके संबंध है। इससे डर है कि कहीं उनके परिवार के साथ कोई अनहोनी ना हो जाए। इसी के चलते पीड़ित परिवार आर्थिक संकट में है। इसके कारण किराये का घर नहीं ले पा रहे हैं पूरा परिवार पुलिस से कार्रवाई की मांग कर रहा है।
आरुषि खान से नाम बदलकर अन्नू रखा
भारती और उसके भाई शिवम ने आरोप लगाया है कि उसकी चाची का नाम आरुषि खान है। उसने अपना नाम बदलकर अन्नू रखा है। आरोप है कि उसने अवैध तरीके से आधार कार्ड बनवाए हैं। आरोपी के पिस्टल के साथ फोटो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। पीड़ित परिवार का आरोप है कि अन्नू अवैध हथियार रखती है।
डीसीपी दफ्तर में दिन और पार्क में गुजार रहे रात
छात्रा ने बताया कि घर में नहीं घुसने देने के कारण वह अलग-अलग स्थानों पर दिन गुजार रहे हैं। उन्होंने नॉलेज पार्क स्थित डीसीपी दफ्तर के पास, बरात घर सहित अन्य स्थानों पर अपने दिन और रात काटे हैं। फिलहाल वह कासना औद्योगिक क्षेत्र के एक पार्क में रात गुजार रहे हैं। एफआईआर दर्ज होने के बाद अभी पीड़ित परिवार को उनके घर में घुसने नहीं दिया है।
रुद्र प्रताप सिंह, एडीसीपी ग्रेटर नोएडा ने बताया कि मामला दो परिवारों में संपत्ति विवाद का है। छात्रा की शिकायत के आधार पर केस दर्ज किया गया है। बाकी की कार्रवाई जांच के बाद होगी।