
Greater Noida Society News:ग्रेटर नोएडा के गौड़ यमुना सिटी सोसायटी में एंट्री-एग्जिट पास को लेकर शुरू हुआ विवाद अब पुलिस केस तक पहुंच गया है। सोसायटी में किराए पर रहने वाली 22 वर्षीय कॉलेज छात्रा ने मेंटेनेंस स्टाफ के तीन कर्मचारियों पर मारपीट और गलत तरीके से छूने का आरोप लगाया है। वहीं, मेंटेनेंस टीम ने भी छात्रा और उसके दोस्तों के खिलाफ मारपीट, धमकी और जबरन परिसर में घुसने का आरोप लगाते हुए अलग मुकदमा दर्ज कराया है।
इस मामले में अब CCTV फुटेज पुलिस की जांच का अहम हिस्सा बन गई है। पुलिस का कहना है कि शुरुआती तौर पर कैमरे की रिकॉर्डिंग में छात्रा के मारपीट संबंधी आरोपों की पुष्टि करने वाला कोई सबूत नहीं मिला है। हालांकि, मामले की जांच अभी जारी है।
जानकारी के मुताबिक, छात्रा करीब एक साल से गौड़ यमुना सिटी में किराए पर रह रही है। मंगलवार को वह अपने दो पुरुष दोस्तों के साथ सोसायटी की मेंटेनेंस टीम के कार्यालय पहुंची थी। उसका मकसद एंट्री-एग्जिट पास को दोबारा शुरू कराने के लिए जरूरी एनओसी लेना था। बताया जा रहा है कि करीब तीन महीने पहले मेंटेनेंस टीम के साथ हुए विवाद के बाद छात्रा के सोसायटी में प्रवेश पर रोक लगा दी गई थी। मंगलवार को वह इसी पाबंदी को हटवाने और पास रिन्यू कराने के लिए पहुंची थी।
छात्रा का आरोप है कि मेंटेनेंस टीम के कर्मचारियों के साथ बातचीत के दौरान विवाद बढ़ गया और उसके साथ मारपीट की गई। उसका दावा है कि जब उसने घटना का वीडियो रिकॉर्ड करने की कोशिश की तो उसका फोन छीनकर तोड़ दिया गया। छात्रा ने पुलिस को दी शिकायत में आरोप लगाया कि उसे CCTV कैमरों की नजर से दूर पार्किंग एरिया की तरफ ले जाया गया। वहां उसके साथ मारपीट की गई और एक कर्मचारी उसके ऊपर बैठ गया। छात्रा ने एक कर्मचारी पर उसे गलत तरीके से छूने का भी आरोप लगाया है।
छात्रा की शिकायत के आधार पर रबूपुरा थाने में श्रीकांत शर्मा, श्रवण सिसोदिया और प्रदीप तोमर के खिलाफ FIR दर्ज की गई है। पुलिस ने चोट पहुंचाने, आपराधिक धमकी, जानबूझकर अपमान और महिला के खिलाफ आपराधिक बल के इस्तेमाल से संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया है। हालांकि, मेंटेनेंस टीम ने छात्रा के आरोपों को गलत बताया है।
दूसरी तरफ, मेंटेनेंस टीम की ओर से भी पुलिस में शिकायत दी गई। जनरल मैनेजर (सिक्योरिटी) श्रवण सिसोदिया ने आरोप लगाया कि छात्रा ने उनके साथ मारपीट की और थप्पड़ मारा। उन्होंने यह भी दावा किया कि छात्रा ने उन्हें रेप के झूठे मामले में फंसाने की धमकी दी। इस शिकायत पर पुलिस ने छात्रा और उसके दोस्तों के खिलाफ भी अलग FIR दर्ज की है। इसमें चोट पहुंचाने, जबरन घर में घुसने, आपराधिक धमकी और जानबूझकर अपमान करने से जुड़ी धाराएं लगाई गई हैं।
रबूपुरा थाना पुलिस के मुताबिक, दोनों पक्षों की शिकायत पर मुकदमे दर्ज कर लिए गए हैं और पूरे मामले की जांच की जा रही है। पुलिस ने सोसायटी में लगे CCTV कैमरों की रिकॉर्डिंग भी देखी है। पुलिस का कहना है कि शुरुआती CCTV जांच में छात्रा के मारपीट के आरोपों की पुष्टि करने वाला कोई स्पष्ट सबूत नहीं मिला है। हालांकि, इसका मतलब यह नहीं है कि जांच पूरी हो गई है। पुलिस अन्य उपलब्ध साक्ष्यों और दोनों पक्षों के बयानों के आधार पर आगे की कार्रवाई करेगी। शुक्रवार देर शाम तक मामले में किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई थी।