इदलिब ( Idlib ) में संघर्ष विराम ( Ceasefire ) को लेकर रूस और तुर्की के बीच हुआ समझौता संघर्ष विराम की घोषणा से एक दिन पहले पुतिन ने तुर्की के राष्ट्रपति एर्दोगान से मुलाकात की थी
मॉस्को। ईरानी जनरल कासिम सुलेमानी ( Qasem Soleimani ) के अमरीकी ड्रोन हमले ( America Drone Attack ) में मारे जाने के बाद मध्य-पूर्व में तनाव ( Middle-East Tension ) का माहौल है और एक बार फिर से खाड़ी युद्ध की संभावना जताई जा रही है।
इससे इतर सीरिया ( Syria ) में विद्रोही समूहों ( Rebel Groups ) और आतंकियों से लड़ने के लिए अमरीका की अगुवाई में गठबंधन सेना की तैनाती है। लेकिन पहले अमरीका ने सीरिया से अमरीकी सैनिकों की वापसी की घोषणा की और अब रूस की ओर से बड़ा बयान सामने आया है।
रूसी सेना ने सीरिया के इदलिब ( Idlib ) में संघर्ष विराम ( Ceasefire ) की घोषणा कर दी है। रूसी सेना ने गुरुवार को एक बयान में कहा कि रूस और तुर्की के बीच हुए समझौते के अनुरूप सीरिया के इदलिब में संघर्ष विराम प्रभावी हो गया है।
सीरिया में शांति के लिए बने रूसी सैन्य केन्द्र ने एक बयान में कहा गया कि अंतरराष्ट्रीय समयानुसार 11 बजे से इदलिब में संघर्ष विराम शुरू हो गया है।
इदलिब में जिहादियों का है कब्जा
आपको बता दें कि उत्तर पश्चिमी सीरिया के के इदलिब में जिहादियों का कब्जा है। इन जिहादियों को तुर्की का पूरा समर्थन है। जबकि रूसी-अमरीका और अन्य देशों की गठबंधन सेना इन जिहादियों के खिलाफ लगातार अभियान चला रही है और इदलिब का आजाद कराने की कोशिश में है, लेकिन कामयाबी नहीं मिली है।
अब रूसी सेना की ओर से ये घोषणा ऐसे समय में की गई है, जब एक दिन पहले ही राष्ट्रपति ब्लादिमीर पुतिन ने तुर्की के राष्ट्रपति रिसेप तैयब एर्दोगान से इस्तांबुल में बातचीत की थी।
अमरीकी सेना की वापसी की घोषणा होने और बगदादी के मारे जाने के बाद से हाल के दिनों में तुर्की का हस्तक्षेप काफी बढ़ गया था। तुर्की ने लगातार कुर्दिश बलों को निशाना बनाना शुरू किया था, जिसको लेकर दुनियाभर में काफी आलोचना की गई थी, जिसके बाद तुर्की ने कुर्दों पर हमला करना बंद किया था।
गौरतलब है कि अगस्त 2019 में संषर्ष विराम की घोषणा के बावूजद रूस समर्थित सीरियाई शासन ने जिहादियों के कब्जे वाले इदलिब में हाल के महीनों में हमले तेज किए हैं।