
MP Teacher Transfer: जिले के सैकड़ों शिक्षक सोमवार को तबादला सूची का इंतजार करते रहे, लेकिन भोपाल से आदेश जारी नहीं हो सके। 28 और 29 जून को प्रशासनिक और स्वैच्छिक तबादलों की सूची आने की चर्चा थी, लेकिन अब यह प्रक्रिया एक बार फिर अटक गई है। माना जा रहा है कि आदेश देर रात या फिर मंगलवार को जारी किए जा सकते हैं।
इस बीच सबसे बड़ा घटनाक्रम यह रहा कि भोपाल से एजुकेशन पोर्टल पर तबादला प्रक्रिया से जुड़े सभी विकल्प हटा दिए गए हैं। इसके बाद जिला शिक्षा कार्यालय के अधिकारी भी यह नहीं देख पा रहे कि किस शिक्षक का तबादला कहां किया गया है। अब पूरी प्रक्रिया सीधे भोपाल से संचालित हो रही है और आदेश भी वहीं से जारी होंगे।
सूत्रों का कहना है कि तबादला सूची तो तैयार हो गई हैं, लेकिन प्रशासनिक तबादलों में बड़ा खेल हुआ है, इसमें कई शिक्षकों को राहत दी गई है। हालांकि सूची आने के बाद ही यह तय होगा कि प्रशासनिक तबादलों में शिक्षकों को दूर के स्कूलों में भेजा गया है या फिर उन पर मेहरबानी दिखाते हुए नजदीक की शाला में पदस्थ किया गया है। अगर ऐसा हुआ तो शिक्षकों में नाराजगी पनप सकती है।
जिले में प्रशासनिक तबादलों के दायरे में करीब 120 शिक्षक बताए जा रहे थे। हालांकि जानकारी के अनुसार अंतिम सूची में इनमें से लगभग आधे नाम ही शामिल किए गए हैं। सूची तैयार होने की चर्चा तो है, लेकिन आदेश जारी नहीं होने से शिक्षक असमंजस में हैं। कई शिक्षक पूरे दिन विभागीय अधिकारियों और परिचितों से जानकारी जुटाने में लगे रहे, लेकिन किसी के पास पक्की सूचना नहीं पहुंच सकी।
स्वैच्छिक तबादलों की बात करें तो जिले के स्कूलों में करीब 1500 पद खाली होने के बावजूद सिर्फ 416 शिक्षकों ने आवेदन किया। इसकी बड़ी वजह पात्रता की सख्त शर्तें रहीं। ई-अटेंडेंस का पालन, जनगणना ड्यूटी सहित कई नियमों के कारण बड़ी संख्या में शिक्षक आवेदन ही नहीं कर सके। दूसरी ओर, कई पसंदीदा स्कूलों में एक-एक खाली पद के लिए कई शिक्षकों ने आवेदन कर दिए हैं। ऐसे में एक पद पर सिर्फ एक शिक्षक का ही चयन होगा, जबकि बाकी आवेदकों को इस बार भी इंतजार करना पड़ सकता है।
पोर्टल से तबादला संबंधित विकल्प हटने के बाद जिला स्तर पर भी स्थिति पूरी तरह साफ नहीं है। अधिकारी यह तक नहीं देख पा रहे कि किस शिक्षक की पोङ्क्षस्टग किस स्कूल में की गई है। इससे शिक्षकों की बेचैनी और बढ़ गई है। अब सभी की निगाहें भोपाल से जारी होने वाली सूची पर टिकी हैं। यदि सोमवार देर रात तक आदेश जारी नहीं होते हैं तो मंगलवार को सूची जारी होने की पूरी संभावना है। तबादला आदेश सामने आने के बाद ही साफ होगा कि जिले के कितने शिक्षकों को नई पदस्थापना मिली और कितनों को एक बार फिर इंतजार करना पड़ेगा।