
ग्वालियर. साइबर ठगी के बढ़ते मामलों पर अंकुश लगाने के लिए मध्यप्रदेश पुलिस ने बड़ा कदम उठाया है। अब 25 हजार रुपये तक की ऑनलाइन ठगी के मामलों में भी ई-जीरो एफआइआर दर्ज होगी। पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) कैलाश मकवाना ने इसके आदेश जारी कर दिए हैं। इसके साथ ही स्टेट साइबर सेल के सॉफ्टवेयर को अपडेट किया जा रहा है, ताकि नई व्यवस्था जल्द लागू हो सके।
अब तक एक लाख रुपये से कम की साइबर ठगी के मामलों में पीड़ितों को साइबर हेल्पलाइन 1930 से थाने भेज दिया जाता था। शिकायतें अक्सर जांच में उलझ जाती थीं और लोगों को राहत नहीं मिलती थी। नई व्यवस्था लागू होने के बाद 25 हजार रुपये की ठगी का शिकार व्यक्ति 1930 पर शिकायत दर्ज कराएगा। शिकायत के आधार पर ई-जीरो एफआइआर दर्ज होकर संबंधित थाने को स्वत: भेज दी जाएगी। स्टेट साइबर सेल के अधिकारियों का कहना है कि बड़ी रकम की ठगी के मामलों में पुलिस तत्काल कार्रवाई करती है, लेकिन छोटी रकम गंवाने वाले पीड़ितों को अब तक पर्याप्त राहत नहीं मिल पाती थी। नई व्यवस्था से ऐसे मामलों में भी त्वरित कानूनी कार्रवाई का रास्ता खुलेगा।
गौरतलब है कि केंद्रीय स्तर पर ई-एफआइआर की सुविधा एक लाख रुपये या उससे अधिक की साइबर ठगी के मामलों के लिए शुरू की गई थी। मध्यप्रदेश पुलिस ने इसे और प्रभावी बनाते हुए सीमा घटाकर 25 हजार रुपये कर दी है, जिससे अधिक संख्या में पीड़ितों को तत्काल राहत मिल सकेगी।
ये बोले अधिकारी
डीजीपी के निर्देश पर 25 हजार रुपए की साइबर ठगी के मामलों में ई-जीरो एफआइआर दर्ज करने के लिए सॉफ्टवेयर अपडेट किया जा रहा है। व्यवस्था लागू होने के बाद शिकायतों का तत्काल पंजीयन संभव होगा।
संजीव नयन शर्मा, डीएसपी, स्टेट साइबर सेल, ग्वालियर