Gwalior of MP will become Glass City मध्यप्रदेश की प्रसिद्धी में अब और नए आयाम जुड़नेवाले हैं।
Gwalior of MP will become Glass City instead of Firozabad of UP मध्यप्रदेश की प्रसिद्धी में अब और नए आयाम जुड़नेवाले हैं। टाइगर स्टेट के रूप में विख्यात एमपी में हर साल करोड़ों टूरिस्ट आते हैं। अब यहां एक ऐसा उद्योग चालू होनेवाला है जिससे देश विदेश से आनेवाले पर्यटकों की संख्या में खासा इजाफा होगा। प्रदेश में अब नई ग्लास सिटी आकार लेनेवाली है। यहां खूबसूरत और भव्य झूमर के साथ ही कांच के अन्य सामान भी बनेंगे।
देश दुनिया में अभी यूपी के फिरोजाबाद को ग्लास सिटी के रूप में जाना जाता है लेकिन जल्द ही यह तमगा एमपी के ग्वालियर को मिलनेवाला है। दरअसल फिरोजाबाद का कांच उद्योग ग्वालियर शिफ्ट हो रहा है। ताज ट्रैपेजियम जोन (टीटीजेड) के कारण फिरोजाबाद में कांच के सामान बनाना संभव नहीं रहा जिसके कारण यहां के कारोबारी ग्वालियर आ रहे हैं।
फिरोजाबाद में चूड़ियों से लेकर विशाल झूमर जैसे कांच के सभी सामान बनते हैं। आगरा के ताजमहल के संरक्षण के लिए बने ताज ट्रैपेजियम जोन (टीटीजेड) के कारण यहां का कांच उद्योग बंद हो रहा है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद बने टीटीजेड के अंतर्गत यूपी के जो जिले आ रहे हैं उनमें फिरोजाबाद भी शामिल है। कांच उद्योगों से फैलते प्रदूषण को देखते हुए उन्हें बंद किए जाने या फिर स्वच्छ ऊर्जा स्त्रोतों के इस्तेमाल के निर्देश दिए गए हैं।
ताज ट्रैपेजियम जोन (टीटीजेड) के अंतर्गत यूपी के आगरा मंडल के साथ ही राजस्थान के भरतपुर मंडल का हिस्सा भी आ रहा है। फिरोजाबाद के कांच उद्योग पर इसका सबसे ज्यादा असर पड़ रहा है। ऐसे में भौगोलिक दृष्टि व अन्य मूलभूत सुविधाओं और संसाधनों की वजह से कांच कारोबारियों को एमपी का ग्वालियर मुफीद लग रहा है। यही वजह है कि फिरोजाबाद का कांच उद्योग ग्वालियर शिफ्ट हो रहा है। जल्द ही यहां चूड़ियां, झूमर सहित कांच के अन्य सामान बनाने की इकाइयां स्थापित की जाएंगी।
क्या है ताज ट्रेपेजियम जोन
प्रदूषण से ताजमहल के बचाव के लिए ताज ट्रैपेजियम जोन (टीटीजेड) बनाया गया है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद टीटीजेड आकार ले रहा है। शीर्ष कोर्ट ने प्रदूषण फैलानेवाली औद्योगिक इकाइयों को बंद करने या फिर उनमें स्वच्छ ऊर्जा स्त्रोत के इस्तेमाल का आदेश दिया है। ऐसे में टीटी जोन में स्थित उद्योगों पर संकट आ गया है। आगरा और उससे सटे फिरोजाबाद के इंडस्ट्रियल एरिया बंद होने की कगार पर हैं।
ताज ट्रैपेज़ियम ज़ोन (TTZ) ताजमहल के चारों ओर का एक निर्धारित क्षेत्र है, जहां स्थित उद्योगों में कोयले के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। इन उद्योगों में कोयला या कोक से प्राकृतिक गैस पर स्विच करने या उन्हें TTZ से बाहर करने या बंद करने का आदेश दिया गया है। ताज ट्रैपेज़ियम ज़ोन TTZ में विश्व धरोहर ताजमहल के साथ ही आगरा का किला और फतेहपुर सीकरी भी शामिल हैं। ताजमहल के चारों ओर स्थित TTZ का आकार एक समलम्ब चतुर्भुज जैसा है।