
ग्वालियर। ट्रैफिक पुलिस का सड़क सुरक्षा सप्ताह सिर्फ कागजों में दौड़ लगाता दिख रहा है,यह बात और है कि इस सप्ताह की बदहाली से वाकिफ होने के बावजूद पुलिस अफसर उसके कामयाब होने के दावे कर रहे हैं। गुरुवार को पत्रिका ने सड़क सुरक्षा सप्ताह पर अमले की मुस्तैदी की हकीकत खंगाली तो सारे दावे खोखले निकले। पुलिस दम भरती है कि इस दौरान वह लोगों को ड्राइविंग के सलीके से लेकर यातायात के नियमों का पाठ भी पढ़ाती है... इससे लोगों में अवेयरनेस आ रही है। ...लेकिन हकीकत कोसों दूर निकली।
शास्त्री चौराहा
दोपहर करीब १:१५ बजे: यहां से ट्रैफिक प्वाइंट गायब था, चौराहे से गुजरने वाले वाहन मर्जी के मालिक थे। ट्रैफिक सिग्नल पर लाल बत्ती के बावजूद कई वाहन फर्राटे से गाड़ी दौड़ते हुए निकल रहे थे। उन्हें रोकने वाला कोई नहीं था। चौराहे के आसपास दुकानदरों ने बताया सुबह ट्रैफिक प्वाइंट पर पुलिसकर्मी आए थे।
समय शाम ५.:५० बजे: चौराहे पर ट्रैफिक प्वाइंट आ चुका था, लेकिन पुलिसकर्मी सड़क किनारे आराम के मोड में थे। चौराहे से गुजरने वाले वाहन चालक कहां नियम तोड़ रहे हैं इससे कोई सरोकार नहीं था। उनके सामने कई वाहन चालकों ने वाहन चालक रॉग साइड चौराहा क्रॉस किया। कुछ लाल बत्ती में फुर्ती से निकल गए।
जगह-जगह ऐसे टूटे नियम
स्थान: फूलबाग चौराहा
समय: दोपहर एक बजे
स्थिति: सब इंस्पेक्टर, ट्रैफिक पुलिस के दो आरक्षक पेड़ की छांव में डयूटी की खानापूर्ति कर रहे थे। उनके सामने से बिना हेलमेट दो पहिया वाहन ड्राइविंग और तीन सवारी बेधड़क घूम रहे थे। पुलिसकर्मियों ने यातायात के नियमों का माखौल उड़ाने वालो को न तो रोका न उन्हें समझाइश दी।
मोटल तानसेन तिराहा
समय: शाम करीब ६:१५ बजे
स्थति: यहां सब इंस्पेक्टर सहित तीन आरक्षक डयूटी पर थे। लेकिन ट्रैफिक पर नजर की बजाए पुलिसकर्मी रिलेक्स मूड में थे। यहां भी पुलिस किसी वाहन को नियम तोडऩे पर ट्रैफिक रुल्स समझाते या गलती पर टोकते नहीं मिली। उसके सामने पुलिसकर्मी सहित कई वाहन चालक बिना हेलमेट और तीन सवारी गुजरे।
आकाशवाणी चौराहा
शाम ६:१५ बजे: चौराहे पर ट्रैफिक पुलिस का अकेला जवान मौजूद था, वह भी करीब आधा घंटा लेट चौराहेे पर आया था। आरक्षक का कहना था फोर्स गुना में वीआईपी विजिट में चला गया है इसलिए चौराहा सूना है। लेकिन फ्रिक की बात नहीं है। यहां से गुजरने वाले वाहन चालकों रेड और ग्रीन लाइट पर खुद ब्रेक मारते हैं। इसलिए नौकरी आराम से चलती है। अकेले होने की वजह से पुलिसकर्मी से कुछ दोस्तों को बुला लिया और ट्रैफिक की निगरानी छोड़कर सड़क किनारे खड़े ठेले पर दोस्तों के साथ चाय के ठेले पर महफिल सजाई।
ऐसे तोड़ते रहे नियम
1. दो पहिया, चार पहिया वाहन चालक ड्राइविंग के दौरान मोबाइल पर बातें करते हुए चेकिंग प्वाइंट से गुजरे
2. पब्लिक को दो पहिया वाहन चलाते समय हेलमेट लगाने की समझाइश तो पुलिस देती है, लेकिन यातायात सप्ताह के दौरान खुद पुलिसकर्मी बिना हेलमेट ड्राइविंग करते मिले।
3. चौराहों पर पुलिस ने नशे में वाहन चलाने वालों पर कार्रवाई का पोस्टर लगा रखा है लेकिन किसी भी चेकिंग प्वॉइंट पर पुलिस ब्रीथ एनालाइजर के साथ चेकिंग करती नहीं मिली।
4. शिंदे की छावनी, सात नंबर चौराहा, राजमाता चौराहा, चेतकपुरी चौराहा, गोला का मंदिर चौराहा, गश्त का ताजिया, हजीरा चौराहा चेकिंग प्वाइंटस पर फोर्स गायब और कहीं सुस्ती में आराम फरामाता मिला।