
Gwalior News:मध्य प्रदेश के ग्वालियर जिले में स्थित शीतला माता मंदिर दर्शन करने आए 45 से अधिक श्रद्धालुओं को अनियंत्रित ट्रक द्वारा रौंदे जाने के बाद कैंद्रीयमंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया घायलों का हालचाल जानने अस्पताल पहुंचे हैं। यहां उन्होंने न सिर्फ घायलों से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना, बल्कि मृतकों के परिजन से मुलाकात कर ढांढस बंधाते हुए मामले में उचित कार्रवाई करने की बात की।
वहीं, केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने अस्पताल के चिकित्सकों को उचित इलाज मुहैय्या करने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि, दुख की इस घड़ी में उनके साथ साथ केंद्र और राज्य की भाजपा सरकार पीड़ित परिवारों के साथ खड़ी है। इस दौरान उन्होंने घायलों के जल्द से जल्द स्वस्थ होने की कामना की और मृतकों के परिजन को दुख सहन करने की भगवान से कामना की। आपको बता दें कि, केंद्रीय मंत्री सिंधिया बीते दो दिन से अपने गृह क्षेत्र ग्वालियर-अशोकनगर के दौरे पर हैं। संभवत: आज वो दिल्ली के लिए रवाना होंगे।
न्यूज एजेंसी एएनआई को दिए इंटरव्यू में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा, "बहुत दर्दनाक घटना हुई है। 15 लोगों की दुखद मृत्यु हुई है। मेरी संवेदनाएं पीड़ित परिवारों के साथ हैं। कैसे ट्रक को अनुमति दी गई? सख्त से सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। मुख्यमंत्री से मेरी स्पष्ट बात हुई है। 5 लोगों को सस्पेंड किया गया है।"
इधर, केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिंया के ट्रामा सेंटर पहुंचने से पहले आनने - फानन में सड़क उनके प्रस्तावित मार्ग के गडढे भरे गए। इसपर स्थानीय लोगों ने सवाल उठाया कि, बीते कई महीनों से हम इन गड्ढों से होकर गुजर रहे हैं। इन गड्ढों के कारण आए दिन यहां सड़क हादसे होते रहते हैं। वहीं, गड्ढों के कारण उड़ने वाली धूल ने लोगों का जीना दूभर कर दिया है। लेकिन, क्षेत्र में वीआईपी मूवमेंट के कारण इन गड्ढों को भरा जा रहा है। लोगों का कहना है कि, इस हिसाब से केंद्रीय मंत्री सिंधिया को बीच-बीच में शहर की सड़कों पर निकलना चाहिए। क्योंकि, इसी तरह ही सही पर कम से कम सड़कों की हालत तो सुधरेगी।
आपको बता दें कि, इससे पहले रविवार सुबह केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने हादसे पर दुख व्यक्त करते हुए घटना पर निरंतर नजर बनाए रखने की बात कही थी। उन्होंने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि, ग्वालियर में हुआ भीषण हादसा अत्यंत पीड़ादायक एवं हृदयविदारक है। माँ शीतला के दर्शन करने आए श्रद्धालुओं के असामयिक निधन से मन व्यथित है।
मध्य प्रदेश शासन एवं प्रभारी मंत्री के निरंतर संपर्क में हूँ। राज्य सरकार ने मृतकों के परिजनों एवं घायलों को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। साथ ही, सभी घायलों का निःशुल्क उपचार सुनिश्चित करने को भी निर्देशित किया गया है।
इस दुःख की घड़ी में मेरी गहरी संवेदनाएं शोकाकुल परिवारों के साथ हैं। माँ जगदम्बा दिवंगत आत्माओं को अपने श्रीचरणों में स्थान दें, परिजनों को यह असहनीय दुःख सहने की शक्ति प्रदान करें और घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ दें।