Money Reward for having third child: मध्य प्रदेश के ग्वालियर में घटती आबादी को देखते हुए इस समाज ने फैसला लिया दंपति को तीसरा संतान पैदा करने पर 21 हजार रुपए प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।
Money Reward: मध्य प्रदेश के ग्वालियर में एक अनोखी पहल देखने को मिली। समाज में घटती आबादी को लेकर चिंतित कायस्थ समाज ने एक पहल की है। इसके तहत, यदि कोई कायस्थ दंपती तीसरी संतान पैदा करता है, तो समाज उसे 21 हजार रुपए की प्रोत्साहन राशि देगा। यह निर्णय राष्ट्रीय कायस्थ एकता मंच की बैठक में लिया गया। बैठक में यह भी फैसला लिया गया कि मंच लड़का और लड़की की शादी का भी खर्चा उठाएगा। (MP News)
बैठक को संबोधित करते हुए मंच के प्रदेश अध्यक्ष नूतन श्रीवास्तव ने कहा कि हिंदुओं की आबादी दिन पर दिन घट रही है, जिस पर सभी समाजों को चिंता करनी होगी। उन्होंने मौजूदा स्थिति पर प्रकाश डालते हुए कहा कि पहले हम दो हमारे दो का नारा था, जो अब हम दो हमारे एक में बदल गया है। कई दंपती तो संतान पैदा करना ही नहीं चाहते, जिससे चाचा, बुआ, मौसी जैसे रिश्ते खत्म होते जा रहे हैं।
नूतन श्रीवास्तव ने यह भी बताया कि यदि कोई गरीब परिवार तीसरी संतान पैदा करता है, तो समाज प्रोत्साहन राशि के अतिरिक्त उस बच्चे के पालन-पोषण, पढ़ाई, शादी और नौकरी मिलने तक की पूरी जिम्मेदारी भी उठाएगा। बैठक में राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ज्ञान प्रकाश सक्सेना, प्रदेश उपाध्यक्ष डॉ.उदय श्रीवास्तव, अरविंद खरे, अशोक सक्सेना, महेश सक्सेना, डॉ.राजीव श्रीवास्तव, पंकज श्रीवास्तव, विजय श्रीवास्तव मौजूद रहे।
इसके अलावा कायस्थ समाज ने मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर प्रदेश में लागू उस नियम को खत्म करने की मांग करने की भी बात कही है। मांग में तीन संतान होने पर सरकारी नौकरी की पात्रता समाप्त होने वाले नियम को खत्म करने का आग्रह किया जाएगा। फिलहाल कायस्थ समाज की इस पहल को लेकर सामाजिक और राजनीतिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है।
बता दें कि, इससे पहले जबलपुर जिले में माहेश्वरी समाज ने ऐसी ही पहल की शुरुआत की थी। इस पहल के तहत तीसरा बच्चा करने पर दंपत्ति को 51000 रूपए देने की घोषणा की थी। यही नहीं, अगर जोड़ा 21 साल की उम्र में शादी कर एक साल के अंदर संतान कर लेता है तो, यह समाज उन्हें 21000 रुपये का इनाम भी देने का भी ऐलान किया गया था। यह घोषणा माहेश्वरी समाज की घटती जनसंख्या को बढ़ाने को लेकर की गई थी। समाज ने यह भी वादा किया है कि वह तीसरे बच्चे की शिक्षा का खर्च भी वहन करेगा। इसके लिए वह बच्चे के नाम पर एक बैंक में निश्चित राशि को फिक्स डिपाजिट कराएंगे। (MP News)