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‘सुबह ही मर चुका था बच्चा’, अस्पताल शाम तक करता रहा इलाज, परिजनों में आक्रोश

MP News: मध्य प्रदेश में अपने इकलौते बेटे को खोने से टूटे परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाते हुए प्रदर्शन किया। बाद में शव का पोस्टमार्टम कराया।

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3 year old boy admitted to Nidan Hospital died during treatment MP News

3 year old boy admitted to Nidan Hospital died (Patrika.com)

(रिपोर्ट- वीरेंद्र जोशी, ब्यावरा)

MP News: मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिले से चौंका देने वाला मामला सामने आया है। ब्यावरा शहर के निदान अस्पताल में भर्ती तीन वर्षीय मासूम की इलाज के दौरान मौत के बाद शुक्रवार शाम को जमकर हंगामा खड़ा हुआ। अपने इकलौते बेटे को खोने से टूटे परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाते हुए प्रदर्शन किया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने स्थिति संभाली और समझाइश देकर मामला शांत कराया। बाद में शव का पोस्टमार्टम कराया।

कई दिनों से खराब थी तबियत, खून और विटामिन की थी कमी

दरअसल सुठालिया के लोधी मोहल्ला निवासी 3 वर्षीय अजय उर्फ नील मीना पिछले कई दिनों से बीमार था। परिजनों के मुताबिक पहले बच्चे को उल्टी- दस्त की शिकायत पर अस्पताल ले जाया गया था, जहां प्राथमिक इलाज के बाद वापस भेज दिया। हालत में सुधार नहीं होने और लगातार कमजोरी बढ़ने पर बीती 18 मई को दोबारा भर्ती कराया। डॉक्टरों ने जांच के बाद शरीर में खून और विटामिन की कमी बताकर इलाज शुरू किया। परिवार का कहना है कि पिछले पांच दिनों से अस्पताल में बच्चे का इलाज चल रहा था और इस दौरान हजारों रुपए खर्च हो चुके थे। परिजनों का आरोप है कि डॉक्टरों की सलाह पर बाहर से ब्लड भी मंगवाया गया और बच्चे को चढ़ाया गया, लेकिन इसके बावजूद उसकी हालत में सुधार नहीं आया।

रेफर की तैयारी के बीच बिगड़ी हालत, हुई मौत

परिजनों के अनुसार शुक्रवार शाम अचानक बच्चे की तबियत ज्यादा खराब हो गई। इसी दौरान डॉक्टरों ने उसे दूसरे अस्पताल रेफर करने की बात कही। इस पर परिजनों ने सवाल उठाए कि कई दिनों से इलाज चलने के बावजूद गंभीर स्थिति बनने पर अचानक रेफर क्यों किया जा रहा है? कुछ समय बाद बच्चे की मौत हो गई। मौत की खबर मिलते ही अस्पताल परिसर में माहौल गर्मा गया। गुस्साए परिजनों ने डॉक्टरों पर गलत इलाज और लापरवाही के आरोप लगाते हुए विरोध जताया। एक घंटे तक अस्पताल में तनावपूर्ण स्थिति बनी रही।

सुबह ही तोड़ दिया था दम, देर शाम तक इलाज चलता रहा

मृतक के परिजनों ने एक और गंभीर आरोप लगाया है। उनका कहना है कि शुक्रवार सुबह जब बच्चे को देखा गया तो उसका शरीर ठंडा महसूस हो रहा था और हालत बेहद खराब थी। परिवार का आरोप है कि मौत पहले ही हो चुकी थी, लेकिन अस्पताल प्रबंधन ने कई घंटों तक इलाज जारी रखने का दावा किया और देर शाम उसे मृत घोषित कर दिया।

पुलिस बोली- रिपोर्ट के बाद होगी कार्रवाई

मामले की सूचना मिलते ही देहात पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस का कहना है कि परिजनों ने इलाज में लापरवाही के आरोप लगाए हैं। मामले में मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी गई है। अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

पहले भी लग चुके आरोप

हाइवे के सर्विस रोड मोया जोड़ के पास स्थित निदान अस्पताल में विवाद के आरोप सामने आते रहे हैं। यह कोई पहला मामला नहीं है,जब अस्पताल प्रबंधन पर आरोप लगे हो। जबकि पिछले दिनों भी इस अस्पताल प्रबंधन पर ऐसे ही आरोप लग चुके हैं।

पुलिस जांच में जुटी

निदान अस्पताल में भर्ती 3 वर्षीय बच्चे की मौत हो गई। परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर लापरवाही के आरोप लगाए है। पोस्टमार्टम करवाकर मार्ग कायम किया है। जांच की जा रही। जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी। -प्रवीण जाट, थाना प्रभारी देहात ब्यावरा