
ग्वालियर. हमने पहली बार फैशन शो में पार्टिसिपेट किया। हमें रैम्प पर ठीक से चलना भी नहीं आता था, लेकिन अदर एक्टिविटीज में पार्टिसिपेट करते थे। इसलिए हमारे अंदर स्टेज फियर तो नहीं था, लेकिन कॉन्फीडेंस जबरदस्त था। हमें ऑडिशन में कॉन्फीडेंस के बेस पर चुना गया और उसी ने हमें सफलता दिलाई। यह कहना है मिस्टर और मिस ग्वालियर बने अजय प्रताप सिंह और नूतन हाडा का, जो गत दिवस आयोजित ग्वालियर कर्चर फैशन वीक की विनर चुनी गईं। उन्होंने बताया कि जब हमने ग्रूमिंग क्लास ली, तो न हमें चलना आता था और न ही पोज देना। संजय सर के मार्गदर्शन में हमने रैम्प वॉक से लेकर ड्रेसिंग सेंस, पोज देना, इंट्रोडक्शन देना, कैमरा फेस करना आदि सीखा और वही सफलता का कारण बनी।
मिस इंडिया के लिए करूंगी ट्राई
नूतन ने बताया कि मैं वीआरजी से बीएससी कर रही हूं। मॉडलिंग में इंट्रेस्ट मेरा बचपन से रहा है, लेकिन फैमिली ने बहुत अधिक एलाऊ नहीं किया। किसी तरह मैंने उन्हें कन्वेंस किया और आज खिताब जीतने के बाद उनकी उम्मीदें मुझसे बढ़ गई हैं। आने वाले समय में मैं मिस इंडिया के लिए भी ट्राई करूंगी।
इंट्रोडक्शन राउंड में दिखने लगी थी जीत
अजय और नूतन ने बताया कि हमें खिताब पाने के लिए तीन राउंड से होकर गुजरना पड़ा। हमें इंट्रोडक्शन राउंड से यह लगने लगा था कि शायद हम टॉप थ्री में सिलेक्ट हो जाएंगे, क्योंकि अन्य पार्टिसिपेंट्स ने हमने अच्छा परफॉर्म दिया था। जिससे जजेज इम्प्रेस थे, लेकिन मिस और मिस्टर ग्वालियर का ख्वाब नहीं देखा था।