Mp news: हाईकोर्ट ने अप्राकृतिक कृत्य की एफआइआर की निरस्त, पति-पत्नी के बीच यौन संबंध बलात्कार नहीं, बशर्ते पत्नी की उम्र 18 साल से कम न हो
Mp news: एमपी में ग्वालियर हाईकोर्ट की एकल पीठ ने दतिया के इंदरगढ़ थाने में दर्ज अप्राकृतिक कृत्य की एफआइआर को निरस्त कर दिया। कोर्ट ने कहा कि पति-पत्नी के बीच यौन संबंध बलात्कार नहीं है। बशर्ते पत्नी की उम्र 18 साल से कम नहीं होना चाहिए। शिकायत में पत्नी ने अपनी उम्र 23 साल बताई है, इसलिए पति के खिलाफ लगाए आरोप अपराध नहीं हैं।
पति ने अप्राकृतिक कृत्य की एफआइआर को हाईकोर्ट में चुनौती दी। पत्नी की ओर से तर्क दिया गया कि विवाह के बाद चार साल तक उसके साथ अप्राकृतिक कृत्य किया। पति ने उसके पिता व भाई को भी जान से मारने की धमकी दी। इस कारण 6 अप्रेल- 2024 को ससुराल छोड़कर मायके आ गई।
उसने पूरी घटना अपनी बड़ी बहन को बताई, इसके बाद केस दर्ज किया गया। पति ने कहा, यह आरोप पूरी तरह से झूठे हैं। आइपीसी की धारा 375 को ध्यान में रखा जाए तो पत्नी के साथ यौन संबंध बलात्कार नहीं है। एफआइआर निरस्त की जाए। पुलिस की ओर से याचिका का विरोध किया गया। कोर्ट ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद एफआइआर निरस्त कर दी।