हनुमानगढ़

Mob Lynching: राजस्थान में भीड़ ने युवक को पीट-पीटकर मार डाला, 2 साथी गंभीर घायल

Rajasthan Mob Lynching: राजस्थान के हनुमानगढ़ ​जिले में मॉब लिंचिंग का मामला सामने आया है। टिब्बी क्षेत्र के गांव मल्लडखेड़ा की रोही में खेत से तार चोरी के संदेह में बाइक सवार तीन युवकों के साथ भीड़ ने बेरहमी से मारपीट की।
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Updated: 2 Sep 2026, 1:23 PM IST
Rajasthan Mob Lynching
पोस्टमार्टम की कार्रवाई के दौरान मौजूद पुलिस अधिकारी व ग्रामीण। फोटो: पत्रिका

हनुमानगढ़। राजस्थान के हनुमानगढ़ ​जिले में मॉब लिंचिंग का मामला सामने आया है। टिब्बी क्षेत्र के गांव मल्लडखेड़ा की रोही में खेत से तार चोरी के संदेह में बाइक सवार तीन युवकों के साथ भीड़ ने बेरहमी से मारपीट की। सोमवार रात हुई मारपीट की इस घटना में गंभीर चोट लगने से एक युवक की मौत हो गई, जबकि दो अन्य घायल हो गए। पुलिस ने मामले में करीब दो दर्जन लोगों के खिलाफ हत्या सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू की है।

इस संबंध में पुलिस ने दीपक कुमार पुत्र फरसाराम वाल्मीकि निवासी 5 एनजीआर रोही नगराना के आरोपों के आधार पर मामला दर्ज किया है मामले में आरोप लगाया गया है कि सोमवार को वह अपने बड़े भाई महेन्द्र और दोस्त सुखचैन उर्फ चेनी के साथ बाइक से फतेहपुर गए थे। लौटते समय मल्लडखेड़ा में उनकी बाइक का गियर खराब हो गया। गियर ठीक करने के बाद वे वापस रवाना हुए तो रात करीब 11 बजे किन्नू के बाग के पास एक बाइक सवार व्यक्ति ने उनकी बाइक रुकवाई। उसने अपना नाम महेन्द्र नायक बताते हुए स्वयं को संदीप कुमार पुत्र अंगद कुमार की ढाणी बशीर का निवासी बताते हुए फोन कर संदीप को मौके पर बुलाया।

तार चोरी का आरोप लगाते हुए मारपीट

कुछ देर बाद दो कारों में सवार होकर 5-6 लोग वहां पहुंचे और तीनों युवकों पर तार चोरी का आरोप लगाते हुए लाठी-डंडों से मारपीट शुरू कर दी। इसके बाद तीनों युवकों को कार में बैठाकर नहर के पुल के पास ले जाया गया, जहां उनके साथ दोबारा मारपीट की गई। इस दौरान आसपास के खेतों में रहने वाले करीब 20-25 अन्य लोग भी मौके पर पहुंच गए और उन्होंने भी तीनों युवकों के साथ मारपीट की। आरोप लगाया कि रात करीब 11 बजे से मंगलवार अल सुबह 4 बजे तक उनके साथ मारपीट की गई। इस दौरान महेन्द्र के पेट में गंभीर चोट लगने से उसकी मौत हो गई। मामले में राहुल पुत्र सतपाल, रमेश पुत्र दीनदयाल और राजेन्द्र कुमार सहित 15-20 अन्य लोगों के मारपीट में शामिल होने का आरोप लगाया गया है। मारपीट के दौरान एक-दूसरे को नाम से पुकारे जाने पर कुछ आरोपियों के नाम उन्हें पता चले।

युवक की मौत के बाद बाइक से पीड़ितों को भेजा

आरोप है कि महेन्द्र की मौत के बाद आरोपियों ने उन्हें बाइक पर बैठाकर उनके गांव की ओर रवाना कर दिया। इसके बाद उसने 112 नंबर पर फोन कर पुलिस को घटना की सूचना दी। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और दीपक व सुखचैन को उपचार के लिए टिब्बी सीएचसी में भर्ती कराया। वहीं महेन्द्र के शव को सीएचसी की मोर्चरी में रखवाया गया। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धारा 103(1), 103(2), 140(3), 115(2), 126(2), 189(2) बीएनएस 2023 तथा एससी/एसटी एक्ट की धारा 3(2)(वी) के तहत मामला दर्ज किया है। मंगलवार को पुलिस ने मृतक के शव का पोस्टमार्टम करवाकर उसे परिजनों को सौंप दिया। इस दौरान पुलिस उपअधीक्षक शंकरलाल छाबा और थानाधिकारी राकेश सांखला सहित अन्य पुलिस अधिकारी मौजूद रहे। डीवाईएसपी शंकरलाल छाबा ने बताया कि मामले की जांच जारी है।

Updated on:
2 Sep 2026, 1:23 PM IST
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