
Harda Collector Kumar Satyam: हरदा जिले के नए कलेक्टर कुमार सत्यम ने सोमवार को कार्यभार ग्रहण कर लिया। 2017 बैच के आइएएस आफिसर कुमार सत्यम बालाघाट के कलेक्टर थे। कार्यभार ग्रहण करते ही उन्होंने अधिकारियों को सख्ती के साथ काम करने की भी हिदायत दी।
भारतीय प्रशासनिक सेवा के 2017 बैच के आइएएस आफिसर कुमार सत्यम ने सोमवार को कार्यभार ग्रहण करते ही जिले के बड़े अधिकारियों की बैठक ली, जिसमें उन्होंने कृषि प्रधान हरदा जिले के किसानों की समस्याओं का समाधान करने और स्वास्थ्य शिक्षा समेत अन्य समस्याएं प्राथमिकता के से हल करने की बात कही। उन्होंने अधिकारियों से सख्ती से काम करने की चेतावनी भी दी। कलेक्टर ने कॉपरेटिव, कृषि और विपणन संघ के अधिकारियों से भी बात कर खाद की उपलब्धता और वितरण का ब्यौरा रोज उपलब्ध कराने को कहा। इसके अावा स्वामित्म योजना के तहत रजिस्ट्री समेत अन्य योजनाओं की स्थिति पर भी प्राथमिकता से ध्यान देने की हिदायत दी।
भारतीय प्रशासनिक सेवा के वर्ष 2017 बैच के अनुभवी अधिकारी कुमार सत्यम ने आज हरदा जिले के नए कलेक्टर के रूप में पदभार ग्रहण कर लिया है। कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंचने पर जिले के वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों ने पुष्पगुच्छ भेंट कर उनका स्वागत किया। पदभार ग्रहण करने के तुरंत बाद उन्होंने कलेक्ट्रेट के वरिष्ठ अधिकारियों से परिचय प्राप्त किया और जिले की सामान्य स्थिति की संक्षिप्त जानकारी ली। कुमार सत्यम बालाघाट जिले से पहले ग्वालियर में अपर कलेक्टर और मंदसौर में मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत के रूप में सेवाएं दे चुके हैं।
ज्वाइनिंग से पहले ही कलेक्टर कुमार सत्यम ने एसपी शशांक के साथ जिले के कई स्थानों का दौरा भी किया। उन्होंने दशहरा पर्व के मद्देनजर हंडिया नर्मदा तट, पेड़ी घाट व टिमरनी में विसर्जन कुंडों का निरीक्षण किया। बैरिकेडिंग, प्रकाश, CCTV, गोताखोर, क्रेन व ड्रोन निगरानी के निर्देश दिए और नेहरू स्टेडियम व टिमरनी मंडी में दशहरा तैयारियों का भी जायजा लिया।
बालाघाट में 147वें कलेक्टर के रूप में ज्वाइनिंग देने वाले सत्यम ने सभी विभागों को सख्त लहजे में कह दिया था कि अब बदलाव जरूरी है। लेकिन, 72वें दिनों में ही वे खुद ही बदल गए। बालाघाट में उन्होंने 1 अगस्त को ज्वाइन किया था और 14 अक्टूबर को उनका तबादला हो गया। इतने कम समय में ही बालाघाट से हटाने के पीछे कहा जा रहा है कि बालाघाट के आदिवसी अंचलों में पिछले कुछ दिनों में महामारी का प्रकोप रहा है। इस दौरान एक के बाद एक कई बच्चों की मौत भी हो गई थी। जिसे लेकर कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने भी आदिवासी क्षेत्रों का दौरा कर सरकार को घेरा था। सत्यम के बारे में यही कहा जा रहा है कि वे एक के बाद एक हुई मौतों के मामले को संभाल नहीं पाए।