हाथरस में हादसे को लेकर पूर्व डीजीपी विक्रम सिंह ने बाबा भोले पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि बाबा के ऊपर कुर्की की कार्रवाई की जाए और आश्रम को ध्वस्त किया जाए।
उत्तर प्रदेश के हाथरस में बाबा भोले के सत्संग के दौरान मची भगदड़ में अब तक 122 लोगों की मौत हो चुकी है। इस हादसे को लेकर अब आयोजकों के खिलाफ कार्रवाई की मांग तेज हो चुकी है। इसी कड़ी में पूर्व डीजीपी विक्रम सिंह ने बाबा भोले के आश्रम को ध्वस्त करने की मांग उठाई है। उन्होंने कहा कि बाबा के ऊपर कुर्की की कार्रवाई की जाए और उनके आश्रम को ध्वस्त किया जाए।
बाबा को पाखंडी और ढोंगी बताते हुए उन्होंने कहा, "बताया जाता है कि बाबा इटावा में पुलिस कांस्टेबल के पद पर रहा है। इनके ऊपर पांच आपराधिक मामले दर्ज हैं। भूमि पर कब्जा, यौन शोषण समेत बाबा पर कई गंभीर आरोप हैं। बाबा का आश्रम कुर्क किया जाना चाहिए।
दूसरी तरफ हाथरस में हुए हादसे की न्यायिक जांच के लिए इलाहाबाद हाईकोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायमूर्ति बृजेश कुमार श्रीवास्तव की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय न्यायिक जांच आयोग का गठन कर दिया गया है। बुधवार रात प्रदेश की राज्यपाल आनंदी बेन पटेल द्वारा इसका नोटिफिकेशन जारी किया गया।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्पष्ट कर दिया है कि हादसे के लिए जिम्मेदार लोगों को सजा दिलाई जाएगी, कोई भी दोषी बच नहीं पाएगा।