
गर्मी में दूषित भोजन और अन्य कारणों से पेट संबंधी समस्याएं हो सकती है। इसमें पेट दर्द और आंतों में संक्रमण हो सकता है। वैसे तो हल्के पेट दर्द को गुनगुना पानी पीकर भी ठीक किया जा सकता है लेकिन तेज पेट दर्द होने पर डॉक्टर को दिखाएं। एक्यूप्रेशर में भी पेट से संबंधी समस्याओं का कारगर इलाज है। एक्यूप्रेशर में पैरों में मौजूद ट्रिपल मास्टर प्वाइंट को दबाने से पेट दर्द में आराम मिलता है। पैरों के अंदर के टखने के नीचे मास्टर प्वाइंट होता है। इसका संबंध बड़ी आंत और लिवर से होता है। इस प्वाइंट को सुबह-शाम खाली पेट 1-2 मिनट तक दबाने से आराम मिलता है। दर्द है तो तुरंत आराम मिलता है। यह प्रक्रिया 3-7 दिनों तक सुबह-शाम तक करें।
एक्यूप्रेशर एक प्रकार की चिकित्सा पद्धति है जिसमें शरीर के विभिन्न स्थानों पर स्थित पॉइंट को दबाकर सेहत की समस्याओं को हल किया जा सकता है। दरअसल ये पॉइंट्स उस स्थानों से आंतरिक रूप से संबंध रखते हैं, जहां आपको समस्या हो रही है। जानिए एक्यूप्रेशर के कुछ ऐसे टिप्स, जो आपके लिए काफी मददगार और लाभदायक होंगे -
-अगर आपको सिरदर्द, तनाव, चक्कर आना, दिमागी असंतुलन या फिर नाक, कान व आंख संबंधी समस्याएं होती हैं, तो कान के पीछे की तरह जो अंदर झुका हुआ भाग है, उसे दबाने से लाभ होगा।
-कोलेस्ट्रॉल, गले की समस्या, हिचकी आना, उल्टी, ब्लडप्रेशर और प्रतिरोधक क्षमता से जुड़ी समस्याओं में हाथ का मुड़ने वाला भाग यानि कोहनी के पीछे वाला हिस्सा दबाने से लाभ होगा।
-थायराइड की समस्या होने पर दोनों हाथों और दोनों पैरों के अंगूठे के ठीक नीचे ऊपर उठे हुए भाग पर दबाव डालें। इसे झाड़ी की सुई की दिशा में बनाएं और छोड़ दें। ऐसा कुछ समय तक करते रहें।
- घुटनों का दर्द, जकड़न, सूजन आदि होने पर घुटने के आगे की ओर स्थित पॉइंट को आगे, पीछे, दाएं और बाएं, चारों ओर दबाएं। वहीं एड़ी के पास पैर के तलवे के बिंदु पर दबाव डालना भी लाभकारी होगा।
-दांत दर्द की समस्या होने पर हथेली को उल्टा करके तर्जनी और अंगूठे के बीच का हिस्सा दबाएं। इसके अलावा आंखों की बाहरी रेखा की सीध में जबड़े पर दो बिंदु हैं जिन्हें दबाने पर लाभ होगा।