
यूएस एफडीए ने दुनिया की पहली चिकनगुनिया वैक्सीन को मंजूरी दे दी है। इसे यूरोप की एक कम्पनी ने तैयार किया है। एफडीए के अनुसार कंपनी ने 18 वर्ष और उससे अधिक एजग्रुप के व्यक्तियों के लिए इसे तैयार करेगी। इस एजग्रुप के लोग ही चिकनगुनिया के जोखिमों का ज्यादा सामना करते हैं। बुखार और गंभीर जोड़ों के दर्द का कारण बनने वाला यह वायरस तेजी से फैल रहा है।
एक ही खुराक लेनी होगी
वैक्सीन की एक खुराक लेनी होगी। टेस्ट में कुछ दुष्प्रभाव भी सामने आए हैं, जिसमें सिरदर्द और थकान शामिल हैं। दो केस ज्यादा गंभीर रहे हैं। यूएस एफडीए की हरी झंडी के बाद वैक्सीन की सप्लाई शुरू हो जाएगी। यह उन देशों में भेजा जाएगा, जहां पर वायरस ज्यादा फैला हुआ है।
वर्तमान में कोई दवा नहीं
जानकारी के मुताबिक चिकनगुनिया के लक्षण कई महीनों या सालों तक बने रहते हैं। हालांकि इसमें मौत का खतरा बहुत कम है। लेकिन वर्तमान में इसकी कोई दवा नहीं हैं। दर्द और बुखार से राहत देने वाली दवाएं ही इसमें राहत के लिए उपयोग की जा रही हैं।