आजकल तनाव इतना बढ़ गया है की बच्चों से लेकर बड़ों तक सब तनाव ग्रसित हो गए हैं। लगातार तनावग्रस्त रहना हमारी जीवन की खुशियों को हमसे छीन लेता है। तनाव से बचने के तमाम तरीके हैं पर क्या आपको पता है कि इससे निपटने का एक आसान तरीका भी है और वो यह है की आप हर्बल इलाज का प्रयोग कर सकते हैं।
नई दिल्ली। तनाव में रहना, नींद ना आना, रात- रात भर जागते रहना जैसे कई लक्षण हमारे शरीर को ही नहीं बल्कि कार्यक्षमता दोनों को ही प्रभावित करते हैं। इससे लगातार प्रभावित होने के बाद हम नकारात्मक बन जातें हैं। लकिन क्या आपको पता है की कुछ आसान तरीकों से अपने तनाव को कम किया जा सकता है और इसके लिए हम प्राकृतिक हर्ब्स का इस्तेमाल कर सकते हैं। इसके इस्तेमाल से आसानी से तनाव कम हो जाता है और नींद न आना, अवसाद जैसे रोगों से भी छुटकारा मिल जाता है। यह लाभदायक भी हैं और इससे शरीर को कोई नुकसान भी नहीं होता।
1. ब्राह्मी
तनाव होने कॉर्टिसोल नामक एक हार्मोन का स्तर अपने आप बढ़ जाता है और यह बहुत खतरनाक होता है। इसके स्तर को कम करने के लिए ब्राह्मी का उपयोग करना चाहिए। ब्राह्मी को पाउडर के रूप में भी इस्तेमाल कर सकते हैं। इसके इस्तेमाल से नई कोशिकाएं पैदा होती हैं और इसका प्रयोग बहुत फायदेमंद भी माना जाता है।
2 . लैवेंडर
लैवेंडर का इस्तेमाल अवसाद को कम कर सकता है। यह एक अनोखी जड़ी बूटी है जो अपनी सुगंध से सबका मन मोह लेती है। इसका इस्तेमाल करने से आप तनाव मुक्त हो जाते हैं और अरोमाथेरपी के लिए लैवेंडर का तेल भी इस्तेमाल किया जाता है।
3 . भृंगराज
भृंगराज दिमाग की कोशिकाओं को ऑक्सीजन पहुंचाता है। अगर आप इसकी चाय पीते हैं तो आप तनाव मुक्त हो जाते हैं और यह ऊर्जा भी प्रदान करता है ।
4. तुलसी
तुलसी तनाव को कम करती है। यह कार्टिसोल के स्तर को भी कम कर देती है। पीढ़ी दर पीढ़ी तुलसी का इस्तेमाल लगातार बढ़ता चला जा रहा है। चाय में डालकर इसे पीने से तनाव कम होता है और जुकाम भी नहीं होता है।
5 . जटामासी
यह एक एंटी फंगल हर्ब होता है। इसके इस्तेमाल से आप तनावमुक्त हो जाते हैं और दिमाग की सोचने की क्षमता भी बढ़ जाती।
6. कैमोमिल
यह एक तरीके की जड़ी-बूटी है और पीढ़ियों से इसे इस्तेमाल में लाया जाता रहा है। घबराहट, चिंता और अनिद्रा से छुटकारा पाने के लिए इसको इस्तेमाल किया जाता है। इसे कैप्सूल या चाय के रूप में ले सकते हैं।
7. वेलेरियन रूट
वेलेरियन रूट का इस्तेमाल आमतौर पर नींद ना आने के कारण और चिंता के लक्षण दिखने पर करते हैं। इसका सेवन बहुत ही ध्यान से किया जाता हैं क्योंकि कभी-कभी इसको खाने से कुछ हल्के-फुल्के साइड इफेक्ट्स भी देखने को मिलते हैं। इसलिए इसका इस्तेमाल कम ही किया जाता है।