स्वास्थ्य

क्या है लंबे समय तक डेस्क पर बैठकर काम करने वालों के लिए ICMR Diet Plan, जानिए आप भी

ICMR Diet Plan : खाना खाने के बाद तरह तरह की बीमारियां होने लगती है। जब हम लंबे समय तक डेस्क पर बैठकर कोई काम करते हैं तो हमें मोटापा, दिल की बिमारी और बैड मेटाबॉलिज्म जैसे हेल्थ रिलेटेड बड़े खतरे हो सकते हैं. इसलिए उचित डाइट का होना आवश्यक होता है

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Aug 27, 2024
ICMR Diet Plan

ICMR Diet Plan : खाना खाने के बाद तरह तरह की बीमारियां होने लगती है। जब हम लंबे समय तक डेस्क पर बैठकर कोई काम करते हैं तो हमें मोटापा, दिल की बिमारी और बैड मेटाबॉलिज्म जैसे हेल्थ रिलेटेड बड़े खतरे हो सकते हैं. इसलिए उचित डाइट का होना आवश्यक होता है। इसी को लेकर भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (ICMR) ने डेस्क पर बैठकर काम करने वाले व्यक्तियों के लिए सिंपल डाइट प्लान को जारी किया है, यह एक ऐसा डाइट प्लान है जो पुरुषों और महिलाओं दोनों की स्पेसिफिक न्यूट्रिशनल जरूरतों को दर्शाता है।

हेल्थ और तंदुरुस्त रहने के लिए एक बैंलेस डाइट को आवश्यक मानते हुए ICMR ने इसके लिए एक डाइट प्लान डिजाइन किया है।

ICMR का डाइट प्लान 65 किलोग्राम वजन और 18.5-23 BMI के लिए ICMR diet plan for 65 kg weight and 18.5-23 BMI

डेस्क पर बैठकर काम करने वालों के लिए ICMR का यह डाइट प्लान सिर्फ 65 किलोग्राम वजन वाले और 18.5-23 BMI वाले व्यक्तियों के लिए बनाए गए हैं, और इनका उद्देश्य संपूर्ण स्वास्थ्य को बनाए रखने के लिए बैलेंस डाइट की महत्वपूर्ण आवश्यकता को पूरा करना है। यदि हम बैंलेस डाइट रखते हैं तो उससे हमारी सभी आवश्यकताएं पूर्ण हो जाती हैं। हम किसी एक भोजन से सारे पोषक तत्व नहीं ले सकते हैं। इसलिए इन्हें अलग-अलग खाद्य पदार्थों के विवेकपूर्ण चयन के माध्यम से प्राप्त करने की आवश्यकता है।

ऑप्टिमस ग्रोथ और विकास को बढ़ावा देती सही डाइट ICMR The right diet promotes optimal growth and development ICMR

यदि हम सं​तुलित आहार लेगे तो उससे हमारी ऑप्टिमस ग्रोथ और विकास को बढ़ावा मिलेगा और हम कुपोषित होने से बच सकेंगे। शरीर को सही मात्रा में पोषण कैलेारी से भरपूर अलग-अलग प्रकार के भोजन का सेवन करने से मिलता है। हमें सही मात्रा में ताजे फल, सब्जियां, साबुत अनाज और प्रोटीन का सेवन करते रहना चाहिए।

क्या है सिंपल डाइट प्लान What is a simple diet plan?

सुबह का नाश्ता

हमें सुबह का नाश्ता 8 से 10 बजे के बीच कर लेना चाहिए। जिसमें भिगोया और उबाला हुआ- साबुत अनाज-90 ग्राम, उबली हुई लाल या काली फलियां, लेबिया या चना-35 ग्राम, हरी पत्तेदार सब्जियां-50 ग्राम, सब्जियां-50 ग्राम, मेवे-20 ग्राम शामिल करें । इससे हमें 570 किलो कैलोरी मिलेगी।

दोपहर का भोजन

दोपहर के भोजन में हमें अनाज (विशेषतः साबुत अनाज) - 100 ग्राम, दालें- 30 ग्राम, या मांस, सब्जियां-150 ग्राम, हरीपत्तेदार सब्जियां - 50 ग्राम, (करी या चटनी में इस्तेमाल की जा सकती हैं) मेवे या तिल के बीज, करी में 20 ग्राम डालें, स्वाद के लिए खाना पकाने के तेल (15 ग्राम) के साथ, दही - 150 मिली या पनीर 150 मिली, फल - 50 ग्राम, को शामिल करें। इन सब से हमें 900 किलो कैलोरी मिलेगी।

रात्रि का भोजन

रात्रि के भोजन में हमें अनाज-80 ग्राम, दालें-25 ग्राम, सब्जियां-100 ग्राम, तेल-10 ग्राम, दही-100 मिली, इससे हमें 590 किलो कैलोरी मिलेगी।

सुबह से शाम तक के भोजन से हमें 2100 किलो कैलोरी, 13.7 फीसदी प्रोटीन, प्राप्त होगा। ऊर्जा की आवश्यकता शरीर के वजन और शारीरिक गतिविधि पर निर्भर करती है. अतिरिक्त चीनी को दैनिक ऊर्जा के 5 फीसदी से कम तक सीमित किया जाना चाहिए।

डिसक्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह किसी क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प नहीं है। इसलिए पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।

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