हमारी ज़िंदगी में सेहत से जुड़ी कुछ समस्याएं ऐसी होती हैं । ऐसी ही एक समस्या है कान का दर्द। कान में दर्द बच्चों में खास तौर से आम है। लेकिन कान में दर्द न केवल बच्चों बल्कि बड़ों को भी हो सकता है। ये दर्द एक कान या दोनों कानों में हो सकता है ये ज्यादातर मामले में एक कान में होता है ये दर्द कान में संक्रमण बैक्टीरिया या वायरस के कारण हो सकता है आपके रसोई घर में आसानी से उपलब्ध सामग्री से घर पर हल्के कान के दर्द का आसानी से इलाज किया जा सकता है।

नई दिल्ली : कान का दर्द साइनस संक्रमण कैविटी ईयरड्रम में छेद ईयर वैक्स टॉन्सिलिटिस ,मध्य कान में तरल पदार्थ का निर्माण सामान्य सर्दी नाक के मार्ग में रुकावट कान के अंदर की शारीरिक क्षति आदि के कारण भी हो सकता है। कान का दर्द आमतौर पर खतरनाक नहीं होता है ये कुछ ही दिनों में अपने आप ठीक हो जाता है। आपकी रसोई घर में आसानी से उपलब्ध सामग्री से घर पर हल्के कान के दर्द का आसानी से इलाज किया जा सकता है।
कान के दर्द को दूर करने के लिए घरेलू उपचार
1. जैतून का तेल
जैतून का तेल कान के दर्द से राहत दिलाने में मदद करता है इसके लिए गुनगुने जैतून के तेल की 3 या 4 बूंद कान में डालें और इसे 5 से 10 मिनट के लिए छोड़ दें। फिर अपने सिर को नीचे झुकाकर तेल निकाल दें इसे कुछ दिनों तक रोजाना एक बार करें। वैकल्पिक रूप से आप टी ट्री ऑयल की 2 या 3 बूंदों और हल्के गर्म जैतून के तेल की 4 से 6 बूंदों को मिला सकते हैं. इस मिश्रण का इस्तेमाल कर सकते हैं। टी ट्री ऑयल में एंटीफंगल एंटीसेप्टिक और एंटी इंफ्लेमेटरी गुण होते हैं।
2. लहसुन
लहसुन में एनाल्जेसिक और एंटीबायोटिक गुण होते हैं ये कान के संक्रमण के कारण होने वाले कान के दर्द को कम करने में मददगार माना जाता है। 1 चम्मच पिसा हुआ लहसुन लें और इसे 2 बड़े चम्मच तिल जैतून या सरसों के तेल में गर्म करें। जब ये ठंडा हो जाए तो तेल को छान लें और दर्द वाले कान में 2 या 3 बूंद डालें या फिर आप लहसुन की कुछ कलियों का रस निकालकर प्रभावित कान में डाल सकते हैं।
3. प्याज
अपने एंटीबायोटिक, एंटीऑक्सीडेंट और एंटी इंफ्लेमेटरी गुणों के लिए प्याज कान के दर्द के लिए सबसे प्रभावी घरेलू उपचारों में से एक है। एक कद्दूकस किए हुए प्याज का रस निकाल लें और इसे धीमी आंच पर गर्म करें। ठंडा होने पर रस की 2 या 3 बूंदें दर्द वाले कान में डालें। इसे 10 मिनट के लिए छोड़ दें फिर अपने सिर को झुकाएं और इसे बाहर निकाल दें. दिन में 2 या 3 बार इसे दोहराएं।
4. मसाज से भी फायदा होता है
अगर घर में कोई ईयर ड्रॉप है तो सबसे ज्यादा अच्छी बात है। अगर नहीं है तो आप कान के आस-पास और सिर की मसाज कर सकते हैं। मसाज करने का रूल यह है कि जिस नर्व में दर्द हो रहा हो उस नर्व की मालिश ना करके आस-पास की अन्य नर्व्स की मसाज करनी है। अगर कान के पीछेवाले हिस्से में दर्द हो रहा हो तो मसाज करते हुए हाथ नीचे की तरफ लाएं। अगर कान के आगे वाले हिस्से में दर्द हो रहा हो तो मसाज करते हुए सामने की तरफ हाथ लाएं।
5. कान की सिकाई करें
कान में दर्द होने की स्थिति में आपको ईयरबड इस्तेमाल बिल्कुल नहीं करना चाहिए। अगर आपके कान में तेज दर्द है तो हॉट पैड से कान की सिकाई करें। ऐसे पैड आपको मेडिकल पर या ऑनलाइन भी मिल जाएंगे। अगर हॉट पैड भी उपलब्ध ना हों तो एक कॉटन का बड़ा हैंकी लें और गैस पर तवा गर्म कर लें। अब हैंकी की कई तह बनाकर उसे गर्म तवे पर कुछ सेकेंड्स हीट होने दें और फिर कान के आस-पास और गले की सिकाई करें। यह सिकाई 20 मिनट से ज्यादा ना करें। इससे आपको तुरंत राहत महसूस होगी।