
गर्मी की शुरुआत हो चुकी है। मौसम में बदलाव के कारण धूप, पसीना के साथ बार-बार प्यास भी लगने लगी है। वहीं दिन का तापमान ज्यादा गर्म, तो रात में हल्की सर्दी भी है। ऐसे में मौसमी बीमारियों की आशंका बढ़ जाती है। सर्दी के मौसम में कुछ लोगों में कम पानी पीने की आदत भी बन जाती है जिससे गर्मी में डिहाइड्रे्रशन की समस्या हो सकती है। कुछ उपाय भी हैं, जिनको अपनाने से गर्मी में होने वाली परेशानियों से बचाव किया जा सकता है।
काब्र्स व फैटी फूड न खाएं
सर्दी में जहां लोग ज्यादा खाना पसंद करते हैं वहीं गर्मी में हल्का खाना चाहिए। गर्मी में ज्यादा मात्रा में भोजन खासकर कार्बोहाइड्रेट और फैट वाले फूड्स शरीर के तापमान को बढ़ा देते हैं। इनको खाने से बचना चाहिए। डिहाइड्रेशन का खतरा ज्यादा रहता है। इससे बचने के लिए भरपूर मात्रा में पानी पीते रहना चाहिए। हर घंटे एक गिलास पानी पीना चाहिए। इससे शरीर हाइड्रेटेड रहेगा। गर्मी में जल्दी पाचन खराब हो जाता है। इसलिए मौसमी फल-सब्जियां अधिक मात्रा में खाना चाहिए। यह सुपाच्य होते हैं। पेट संबंधी परेशानी से बचाव होता है।
विटामिन डी है जरूरी
अक्सर गर्मी में लोग तेज धूप में जाने से बचते हैं। ऐसा न करें, क्योंकि शरीर के विकास के लिए विटामिन डी बहुत जरूरी है। सुबह की धूप में थोड़ी देर अपने को जरूर रखें। यह विटामिन डी का सबसे बेहतरीन स्रोत है। हड्डियों और शरीर के विकास के लिए जरूरी है। इस दौरान एक्सरसाइज या फिर वॉक करते हुए आप धूप का आनंद ले सकते हैं।
पर्याप्त नींद भी जरूरी
गर्मी और पसीने वाले मौसम में कई बार नींद का अभाव हो जाता है। लेकिन इससे बचें। कम से कम 8-9 घंटे की नींद रोजाना लें। मानसिक स्वास्थ्य के लिए पर्याप्त नींद बेहद जरूरी है। इसके लिए नियमित दिनचर्या बहुत जरूरी है। समय पर साने और उठने की कोशिश रखें।
इनको भी आजमाएं
गर्मी में चक्कर, कमजोरी, यूरिन पीला आने की समस्या है तो सुबह खाली पेट एक आंवले का मुरब्बा खाएं। मधुमेह रोगी आंवले का रस ले सकते हैं।
गर्मी में गन्ने का रस शीतलता देता है और रोगों से बचाता है। यूरिन में जलन और नाक से खून आने की तकलीफ में यह फायदा पहुंचाता है। लेकिन काफी समय तक रखे गन्नेे का रस नहीं पीना चाहिए।
गर्मी में ज्यादा पसीना और तापमान से बचने के लिए हल्के रंग के सूती कपड़े पहनने चाहिए। सिंथेटिक कपड़ों के मुकाबले सूती, सिल्क और लिनेन वाले फैब्रिक्स बेहतर होते हैं। ज्यादा रंगीन कपड़ा नहीं पहनें।