Coronavirus Fear : बेंगलुरु के पोलट्री फार्म के मालिक ने मुर्गियों को जिंदा जमीन में गाड़ा कोरोनावायरस के चलते महज 5 से 10 रुपए प्रति किलो बिक रहा चिकन
नई दिल्ली। कोरोनावायरस (Coronavirus) के कहर से अब तक दुनिया में करीब एक लाख से ज्यादा लोग प्रभावित हुए हैं। इसके आतंक से भारत भी अछूता नहीं रहा है। तभी लोगों ने नॉन वेज खाने से दूरियां बढ़ा ली है। संक्रमण (Infection) के डर से जहां लोग चिकन-मटन से दूर भाग रहे हैं। वहीं पोलट्री फार्म वालों को जमकर नुकसान हो रहा है। 80 से 90 रुपए प्रति किलो बिकने वाला चिकन अब महज 5 से 10 रुपए में बिक रहा है। संक्रमण के डर से हाल ही में बेंगलुरु में 6 हजार जिंदा मुर्गियों को जमीन में दफन (Buried) कर दिया गया। इसका वीडियो इन दिनों सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है।
यह वीडियो बेलागवी का है। बताया जाता है कि एक पोल्ट्री फार्म के मालिक नजीर अहमद मकंदर ने गोकक के नुलसोर में तकरीबन 6 हजार मुर्गियों को जिंदा गड्ढे में दबा दिया। उन्होंने इसका एक वीडियो भी शूट किया था, जो अब यह विडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इसके साथ यह भी अफवाह फैल रही है कि इन मुर्गियों को कोराना वायरस फैलने के डर के कारण जिंदा दबा दिया गया। एक न्यूज एजेंसी की रिपोर्ट के मुताबिक ऐसा ही एक मामला कोलार जिले के बांगरपेट में भी देखने को मिली। यहां रामचंद्र रेड्डी नाम के एक फार्म के मालिक ने लगभग 9500 चूजों को जिंदा दफना दिया। उनके मुताबिक कोरोनावायरस के डर की वजह से लोग चिकन नहीं खरीद रहे हैं। इससे नॉनवेज की कीमतों में गिरावट आई है। इससे उन्हें करीब 30 हजार रुपए से ज्यादा का नुकसान हुआ है।
चिकन के जरिए कोरोनावायरस फैलने को लेकर बेंगुलुरु में कई अफवाह भी उड़ रही है। लोग तरह-तरह के व्हाट्स ऐप ग्रुप बनाकर लोगों तक फर्जी मैसेज पहुंचा रहे हैं। इससे लोगों में डर का महौल है। बेंगलुरु के अलावा महाराष्ट्र में भी कोरोनावायरस का कहर देखने को मिल रहा है। यहां दहानु के एक पोल्ट्री किसान ने 5.8 करोड़ रुपये की कीमत के पोल्ट्री उत्पादों को नष्ट कर दिया है, जिनमें एक दिन के 1.75 लाख पक्षी और 9 लाख हैचरी एग्स शामिल हैं। हालांकि हेल्थ एक्सपर्ट्स के मुताबिक यह वायरस संक्रमित लोगों से एयर ड्रॉप के जरिए फैल रहा है, न कि नॉनवेज खाने की वजह से।