भारत समेत दुनिया भर में बाबा साहब के जन्‍मोत्‍सव को अंबेडकर जयंती ( Ambedkar Jayanti ) के रूप में मनाया जाता है।
नई दिल्ली। भारतीय संविधान के निर्माता डॉक्टर भीमराव अंबेडकर ( Dr Bhimrao Ambedkar ) की जयंती हर साल 14 अप्रैल को मनाई जाती है। डॉ. भीमराव अंबेडकर का जन्म आज ही के दिन 1891 में मध्यप्रदेश ( Madhya Pradesh ) के महू में हुआ था।
बाबा साहेब ने अपना सारा जीवन समाज में व्याप्त जाति व्यवस्था के खिलाफ संघर्ष में बिता दिया। उन्हें 31 मार्च 1990 को मरणोपरांत भारत रत्न ( Bharat Ratna ) से सम्मानित किया गया था। बाबा साहेब का जीवन सचमुच संघर्ष और सफलता की अद्भुत मिसाल है।
डॉक्टर भीमराव अंबेडकर ने दलितों और पिछड़ों को उनका अधिकार दिलाने के लिए जीवन भर संघर्ष किया। इसी मकसद से उन्होंने 31 जनवरी 1920 को मूकनायक नाम का अखबार शुरू किया था। उन्होंने हमेशा मजदूर वर्ग व महिलाओं के अधिकारों का समर्थन किया।
भारत समेत दुनिया भर में उनके जन्मोत्सव को अंबेडकर जयंती ( Ambedkar Jayanti ) के रूप में मनाया जाता है। अंबेडकर जीवन भर समानता के लिए संघर्ष करते रहे. यही वजह है कि भीम जयंती को भारत में 'समानता दिवस' ( Samanta Diws ) और 'ज्ञान दिवस' ( Gyan Diwas ) के रूप में मनाया जाता है।
डॉ भीमराव अंबेडकर के कुछ विचार-