जिस वक्त क्लासरूम में ये वीडियो चल रही थी, उस समय रूम में करीब 500 से भी ज़्यादा स्टूडेंट्स थे।
नई दिल्ली। कनाडा के टोरंटो विश्वविद्यालय में उस समय हड़कंप मच गया, जब एक लेक्चर के दौरान प्रोजेक्टर पर अश्लील फिल्म चलने लगी। दरअसल डॉ स्टीव जोर्डन नाम के प्रोफेसर ने विश्वविद्यालय के स्कारबोरो परिसर में छात्र-छात्राओं को पढ़ाने के लिए पहुंचे थे। मनोविज्ञान के उस लेक्चर में स्टीव को प्रोजेक्टर पर विषय की कुछ अहम बातों को पीपीटी के ज़रिए समझाना था, लिहाज़ा उन्होंने क्लासरूम में अपने लैपटॉप को प्रोजेक्टर से कनेक्ट कर दिया। अभी तक तो सबकुछ एकदम सामान्य चल रहा था। लेक्चर अटेंड करने के लिए बैठे किसी भी छात्र-छात्रा ने थोड़ी ही देर बाद होने वाली इस अप्रिय घटना के बारे में सपने में भी नहीं सोचा होगा।
प्रोजेक्टर को लैपटॉप से कनेक्ट करने के बाद स्टीव ने जैसे ही लैपी ऑन किया, उसमें पहले से चल रही अश्लील फिल्में प्रोजेक्टर के ज़रिए बड़ी स्क्रीन पर चलने लगीं। ये नज़ारा देखने के बाद जहां छात्र-छात्राओं में हलचल मच गई, तो वहीं दूसरी ओर प्रोफेसर शर्म के मारे एकदम लाल हो गए। स्टीव जल्द से जल्द वीडियो बंद करने के चक्कर में उसमें उलझे रह गए। तब तक वीडियो की बेहद ही घिनौनी आवाज़ें पूरे क्लासरूम में गूंजने लगीं। प्रोफेसर को इस कदर चिंतित देख सभी छात्र-छात्राएं आपस में ज़ोर-ज़ोर से हंसकर स्टीव का मज़ाक उड़ाने लगे।
जिस वक्त क्लासरूम में ये वीडियो चल रही थी, उस समय रूम में करीब 500 से भी ज़्यादा स्टूडेंट्स थे। हालांकि थोड़ी देर की असहजता के बाद स्टीव वीडियो को बंद करने में कामयाब तो हो गए, लेकिन क्लास में ही बैठे एक शैतान बच्चे ने इस पूरे वाक्ये को अपने फोन में रिकॉर्ड कर लिया और उसे सोशल मीडिया पर अपलोड कर दिया। सोशल मीडिया पर आते ही ये वीडियो काफी तेज़ी से वायरल हो गई। प्रोफेसर की एक छोटी-सी गलती दुनिया के लाखों कोनों में जा पहुंची। अपनी इस गलती के लिए स्टीव ने माफी मांग ली है।