Indore News: जिस ब्रिज पर बाइक सवार बाइक चलाते पहुंचा, वहां न बैरिकेड्स लगे थे न ही कोई चेतावनी बोर्ड, यहां-वहां लगा था मिट्टी का ढेर। पिता के मना करने पर भी रात को घर से निकला था, इलाज के दौरान बोलता रहा मुझे बचा लो, सुबह पिता के पास पहुंची मौत की खबर...
Indore Road Accident: नगर निगम की लापरवाही का खमियाजा बाइक सवार 35 वर्षीय राधेश्याम उर्फ गोलू कुशवाह को जान देकर भुगतना पड़ा। देर रात मालवा मिल-पाटनीपुरा रोड पर निर्माणाधीन पुल से गिरकर घायल गोलू ने बड़े अस्पताल में दम तोड़ दिया। मिल की ओर जिस सिरे से युवक गिरा, वहां बैरिकेड्स नहीं था। न ही चेतावनी बोर्ड या संकेतक। यहां-वहां मिट्टी का ढेर लगा रखा था। इसके चलते वह नाले में औंधे मुंह जा गिरा। गंभीर रूप से घायल था।
परदेशीपुरा टीआइ आरडी कानवा के अनुसार मूलत: पीथमपुर के पास ग्रामीण क्षेत्र निवासी नवलकिशोर के बेटे की मौत हुई है। शुरुआती जांच में पता चला कि रविवार रात करीब 10 बजे वह मिल चौराहा से पाटनीपुरा तरफ जा रहा गोलू पुल से 20 फीट ऊपर से नाले में गिरा। सरिये से कान क्षत-विक्षत हो गया।
गंभीर चोट आने पर एमवाय अस्पताल पहुंचाया था। रात तक पहचान नहीं हो सकी थी। सोमवार सुबह पुलिस घटनास्थल पर पहुंची। पोकलेन की मदद से बाइक को निकाला। अगला-पिछला हिस्सा क्षतिग्रस्त था।
पिता नवलकिशोर ने बताया कि उन्होंने रात में बेटे को कहीं भी आने-जाने से रोका था। इसके बाद भी रविवार रात कहीं चला गया। सुबह मौत की सूचना मिली। गोलू शादीशुदा था।
प्रत्यक्षदर्शी रितिक वर्मा के अनुसार वे बाइक सवार को बचाने घटनास्थल पर पहुंचे। बाइक पानी में डूबी थी। युवक का मुंह भी पानी में था। हमने उसका मुंह निकाला। कुछ बोल नहीं पा रहा था। इतना ही कहा कि- मुझे बचा लो।
जांच अधिकारी कुलदीप सिंह भदौरिया ने बताया कि मौके पर मिली एक थैली में कुछ कागजात थे। उसमें मेला करने वालों के फोन नंबर लिखे थे। कई को फोन लगाए। एक फोन नवलकिशोर को लगा। उन्हें हॉस्पिटल बुलाया। पिता ने बताया, बेटे के साथ मेले में खिलौने की दुकान लगाते हैं। इन दिनों बाणगंगा क्षेत्र में दुकान लगा रहे हैं।