- दुर्घटना वाले 'ब्लैक स्पॉट्स' खत्म करने की कवायद
मनीष यादव@ इंदौर।
विश्व बैंक की मदद से शहर के ब्लैक स्पॉट्स पर काम किया जा रहा है। इसके तहत अब शहर के दो प्रमुख चौराहों को रिडिजाइन किया जा रहा है। देवास नाका पर बीआरटीएस के अंदर ही बस यू टर्न लेगी, ताकि इससे होने वाले हादसों को रोका जा सके और ट्रैफिक जाम की समस्या से भी मुक्ति मिल सके। ट्रैफिक पुलिस सभी ब्लैक स्पॉट्स को खत्म करने के लिए काम कर रही हैं। भोपाल से भी अधिकारियों के निर्देश है कि लोकल एजेंसी की मदद से निर्माण कार्य कराए जाएं ताकि ब्लैक स्पॉट्स खत्म हो सके। एसीपी बसंत कौल ने बताया कि इन ब्लैक स्पॉट्स से निपटने के लिए विश्व बैंक की सहायता से निर्माण कार्य किया जा रहा। इसके लेकर हाल ही में सर्वे किया गया। इसके तहत दो प्रमुख चौराहों को फिर से री डिजाइन किया जा रहा। इसके तहत देवास नाका और बापट चौराहे को शामिल किया गया। दोनों ही स्थानों की अपनी अलग समस्या है। देवास नाका की बात करे तो यहां पर बीआरटीएस लेन से जो बस चलती हैं वह चौराहे पर आकर यू टर्न लेती हैं, इसके कारण वहां पर यातायात प्रभावित होता है। जल्दबाजी में गाड़ी निकालने के चक्कर में हादसे होते है, इसलिए यह फैसला लिया गया है कि बीआरटीएस का एक हिस्सा तोड़कर इस तरह से डिजाइन किया जाए कि गाड़ी यहीं से यू टर्न ले सके। इससे दूसरी गाडिय़ां प्रभावित नहीं होंगी। इसी तरह बापट चौराहे पर लेफ्ट टर्न और क्रॉसिंग होती हैं उसके कारण यहां पर हादसे होते है। यहां पर मेट्रो की लाइन भी जा रही हैं। इसके चलते यहां पर चौराहे को इस तरह से रिडिजाइन किया जा रहा ताकि मैट्रो के कारण ब्लैक स्पॉट न बने। लेफ्ट टर्न चौड़े होंगे और रोटरी भी री डिजाइन होगी।
14 ब्लैक स्पॉट्स
हाल ही में ट्रैफिक पुलिस ने ब्लैक स्पॉट्स का आंकलन किया। इसके तहत कुछ पुराने ब्लैक स्पॉट्स जहां हादसे नहीं हो रहे को खत्म किया गया। कुछ नए को जोड़ा गया। इस तरह से शहरी क्षेत्र में 14 ब्लैक स्पॉट्स बचे हैं।