
Tihi Tunnel :मध्य प्रदेश के इंदौर से सटे पीथमपुर के पास स्थित टीही की पहाड़ियों में जल्द ही यहां आने वालों को एक अनोखा नजारा देखने को मिलने जा रहा है। यहां जमीन के नीचे से तो ट्रेन दौड़ेगी और ठीक उसके ऊपर हरियाली का सिटी फॉरेस्ट तैयार होगा। इंदौर - दाहोद रेल लाइन की सबसे अहम टीही टनल के निर्माण के चलते प्रभावित हुए पर्यावरण की भरपाई के लिए भारतीय रेलवे ने टनल के ऊपर की जमीन को भी अपने अधीग्रहण में ले लिया है। अब यहां ऐसा सिटी फॉरेस्ट विकसित करने की तैयारी की जा रही है, जो सुरंग की सुरक्षा के साथ हरियाली बढ़ाने में भी सहयोगी होगा।
टनल के दोनों हिस्सों में 7.5-7.5 मीटर अतिरिक्त जमीन रेलवे ने अधिग्रहित कर ली है। इसी जमीन को मिलाकर सिटी फॉरेस्ट विकसित किया जाएगा। खास बात ये होगी कि, यहां पेड़ों का चयन सामान्य तरीके से नहीं किया जाएगा। ऐसे पौधे और पेड़ों को लगाया जाएगा, जिनकी जड़ें जमीन में ज्यादा गहराई तक न जाएं और भविष्य में टनल की संरचना को उन पेड़ों की जड़ों से किसी तरह का कोई नुकसान न पहुंचे।
टीही टनल का करीब 50 फीसदी काम पूरा हो चुका है। इसमें लाइनिंग, फ्लोरिंग और बीएलटी यानी गिट्टी रहित ट्रैक का काम शामिल है। रेलवे के लक्ष्य के अनुसार, सितंबर 2026 तक टनल सेक्शन का काम पूरा कर इसे आरएस के निरीक्षण के चरण तक पहुंचाने की तैयारी की जा रही है। इसके बाद टनल से ट्रेनों के संचालन का रास्ता साफ हो सकेगा।
यानी आने वाले समय में टीही में एक ही जगह दो अलग तस्वीरें दिखाई देंगी। यहां जमीन के नीचे रेल लाइन और उसके ऊपर हरियाली देखने को मिलेगी। रेलवे इसे पर्यावरणीय नुकसान की भरपाई के साथ क्षेत्र को बेहतर लुक देने के अवसर के तौर पर भी देख रहा है।