MP News: एक महीने में लोगों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए सारे काम ऑनलाइन करने की तैयारी है।
MP News: आइडीए के प्लॉट का नामांतरण कराना हो या फिर एनओसी लेना है, जिसके लिए संपत्ति मालिक को ऑफिस के चक्कर लगाना पड़ते थे। अब लोगों को इससे जल्द ही निजात मिल सकती है, क्योंकि एक महीने में आइडीए की सारी सेवाएं ऑनलाइन करने की तैयारी शुरू हो गई है। अफसरों के पास लोग शिकायत करते थे कि उन्होंने आइडीए के कामों के लिए चक्कर लगाना पड़ते हैं। इसे ध्यान में रख 1 जनवरी से लीज नवीनीकरण कार्य को ऑनलाइन किया गया था। इस व्यवस्था के तहत एक महीने में करीब 90 मामले सुलझाए गए, जिसका लोगों में अच्छा प्रतिसाद मिला।
सीईओ डॉ. परीक्षित झाड़े के मुताबिक, एक महीने में लोगों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए अन्य काम ऑनलाइन करने की तैयारी है। लीज के साथ ही संपत्ति के नामांतरण, संपत्ति को फ्री होल्ड कराना, एनओसी व लीज भरने के मामलों को भी ऑनलाइन कर रहे हं। लीज के मामले ऑनलाइन करने के साथ ही आइडीए की वेबसाइट पर वीडियो के जरिए प्रक्रिया करना भी समझाई गई थी।
आइडीए द्वारा सहकारी संस्थाओं से संबंधित जमीनों को अधिग्रहण कर कॉलोनी विकसित की गई। इस तरह के प्लॉट को फ्री होल्ड नहीं किया जा रहा है। आइडीए की अगली बैठक में इस तरह के प्लॉट भी फ्री होल्ड करने के प्रस्ताव को लाया जा रहा है।
प्लॉट के नामांतरण में 3 प्रतिशत राशि ली जाती थी, सहकारी संस्था से संबंधित प्लॉट में 3 प्रतिशत अतिरिक्त लिए जाते थे। आइडीए ने अब सभी नामांतरण में फीस मात्र पांच हजार रुपए कर दी है।