
Indore crime news:एमपी के इंदौर शहर में महिला पोस्टल असिस्टेंट उर्मिला सैनी की हत्या कर फरार हुए आरोपी अखिलेश सैनी की तलाश अब इंदौर तक सीमित नहीं रही। आरोपी का सुराग नहीं मिलने पर पुलिस ने सीसीटीएनएस (क्राइम एंड क्रिमिनल ट्रैकिंग नेटवर्क एंड सिस्टम) के जरिए देशभर के सभी थानों और जीआरपी को अलर्ट जारी कर दिया है। बावजूद वारदात के बाद आखिरी बार रेलवे स्टेशन से बाहर निकलते कैमरे में कैद हुआ आरोपी अब तक पुलिस की पकड़ से दूर है। कई राज्यों तक सूचना प्रसारित होने के बाद भी उसका कोई सुराग नहीं मिल सका।
संयोगितागंज थाना प्रभारी केपी यादव ने बताया कि आरोपी की तलाश के लिए कई टीमें लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। रेलवे स्टेशन, सरवटे बस स्टैंड, तीन इमली सहित विभिन्न क्षेत्रों के होटल और लॉज खंगाले गए हैं। वारदात स्थल की भी दोबारा बारीकी से जांच की गई, लेकिन आरोपी तक पहुंचने वाला कोई ठोस सुराग नहीं मिला।
मां की मौत के बाद से बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है। घटना के चार दिन बाद भी बच्चे मां को याद करके डर जाते है। वहीं 7 साल का बेटा अव्यक्त अब भी हर किसी में अपनी मां को तलाश रहा है, वहीं15 साल की बेटी प्रेक्षा ने खुद के आंसू रोककर छोटे भाई को संभालने में लगी हुई है। अभी दोनों बच्चे अपनी मौसी पूजा के घर रह रहे हैं।
परिवार वालों का कहना है कि अव्यक्त अभी तक यह नहीं समझ पा रहा कि उसकी मां अब कभी लौटकर नहीं आएंगी। कई बार वह ठीक से खाना भी नहीं खाता। जब उसे खाना दिया जाता है तो वह मासूमियत से कहता है- मुझे मेरी मम्मी के हाथ से खाना खाना है। वही रोज मुझे खाना खिलाती थीं। बच्चों को दुखी देखकर परिवारे वाले भी बार-बार भावुक हो रहे हैं।
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी वारदात के बाद अपना मोबाइल घर पर ही छोड़ गया था, ताकि उसकी लोकेशन ट्रेस न हो सके। इतना ही नहीं, घर से ऐसे कपड़े भी नहीं मिले जिन्हें उसने हत्या के समय पहना था। पुलिस का मानना है कि उसने वारदात के तुरंत बाद कपड़े बदल दिए। कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) की जांच में भी कोई उपयोगी जानकारी नहीं मिली है।
जांच में सामने आया है कि फरार होने से पहले आरोपी ने बच्चों की गुल्लक तोड़कर उसमें से 8 से 10 हजार रुपए निकाल लिए थे। पुलिस का मानना है कि शुरुआती खर्च के लिए उसने नकदी रखी। इसके बाद वह बिना मोबाइल और पहचान के साधनों के शहर से निकलने या शहर में ही छिपने की कोशिश कर रहा है।
आरोपी के रिश्तेदारों और परिचितों से लगातार पूछताछ की जा रही है। पुलिस की कई टीमें अलग-अलग स्थानों पर उसकी तलाश में जुटी हैं और हर संभावित सुराग पर काम किया जा रहा है। -नीति दंडोतिया, एसीपी
पुलिस के अनुसार, हत्या के बाद आरोपी स्कूटर से बेटी के स्कूल पहुंचा और उससे कहा कि वह दो दिन के लिए भौपाल जा रहा है। उसने बेटी को मां के गहने, एटीएम कार्ड और स्कूटर की चाबी देते हुए मौसी के घर जाने को कहा तथा घर नहीं जाने की हिदायत दी। हालांकि बेटी अपने छोटे भाई के साथ कपड़े लेने घर पहुंची तो तेज आवाज में टीवी चल रहा था और घर के भीतर मां उर्मिला सैनी खून से लथपथ पड़ी मिलीं। इसके बाद परिजनों को सूचना दी गई और वारदात का खुलासा हुआ।