
इटारसी. मास्टर प्लान तो ऐसा बनाया जाता है जैसे शहर की सारी परेशानियां अगले कुछ वर्षों में ही दूर हो जाएगी। बाद में यह मास्टर प्लान कोने पर पटक दिया जाता है और मनमर्जी से डेवलपमेंट चलता है।
यही वजह है शहर में अव्यवस्थाएं बढ़ती जा रही है। सडक़ें चौड़ी होना चाहिए तो संकरी होती जा रही है, पार्किंग की व्यवस्था है नहीं, यातायात नगर आज भी नहीं है, भवन निर्माण सामग्री शहर के अंदर बिक रही है, शहर में मेला लगाने के लिए मैदान नहीं बचा है। मास्टर प्लान में इन सभी बातों का जिक्र है लेकिन जमीन पर इनमें से एक पर भी काम नहीं हो रहा है। ऐसे में आने कुछ सालों बाद मुसीबतें और बढ़ती जाएगी।
- तीन साल पहले बना था मास्टर प्लान
इटारसी के मास्टर प्लान को नगरीय विकास एवं आवास विभाग मंत्रालय वल्लभ भवन भोपाल ने 19 अक्टूबर 2016 को मप्र नगर तथा ग्राम निवेश अधिनियम 1973 की धारा 19(1) के तहत अनुमोदित किया था। इसके बाद 28 अक्टूबर 2016 को मप्र राजपत्र में सूचना का प्रकाशन भी किया गया। इसकेे बाद आज तक नपा ने इस पर कोई चर्चा नहीं की। यह स्वीकृत मास्टर प्लान को कागजों में ही धूल खा रहा है।
ऐसा था प्लान...
कुल शामिल गांव- 17
कुल निवेश क्षेत्र-11999 हैक्टेयर
रेलवे का क्षेत्र- 54.45 हेक्टेयर
शाामिल गांव- रैसलपुर, सोनासांवरी, धोखेड़ा, सनखेड़ा, सोमलवाड़ा, घाटली, जुझारपुर, गोंचीतरोंदा, पथरोटा, भट्टी, धुरपन, भीलाखेड़ी, बैंगनिया, बोरतलाई, देहरी, मेहरागांव।
कहां क्या होगा
अनाज बाजार- कृषि उपज मंडी में
इमारती लकड़ी व्यापार- खेड़ा क्षेत्र में
अग्रेषण अभिकरण व ऑटो पार्ट्स-यातायात नगर में
सब्जी मंडी व फल बाजार-कृषि उपज मंडी के सामने
इंडियन ऑयल डिपो- शहर के बाहर होगा
थोक बाजार- निवेश इकाई क्रमांक 1 खेड़ा
भवन निर्माण सामग्री- निवेश इकाई क्रमांक 1 खेड़ा
ऐसे होना है जमीन का प्रावधान
बस स्टेंड- पुरानी इटारसी में ट्रैक्टर स्कीम
यातायात नगर- रैसलपुर में 4 हैक्टेयर भूमि पर बनेगा
वाणिज्यिक गतिविधि केंद्र- 2 हैक्टेयर भूमि पर
प्रशासनिक क्षेत्र स्थापना- 226.3 हैक्टेयर भूमि
मेले के लिए जमीन- मेहरागांव में 2 हैक्टेयर
यहां लगनी है औद्योगिक यूनिट
तेल मिल-औद्योगिक क्षेत्र खेड़ा
दाल मिल-औद्योगिक क्षेत्र खेड़ा
चमड़ा गोदाम-कृषि क्षेत्र पर आबादी से 1 किमी दूर
ईंट भट्टे- कृषि भूमि उपयोग पर
इतनी होना सडक़ों चौड़ाई
स्टेशन से गांधी ग्राउंड तक- 22 मीटर
विश्वनाथ टॉकीज से सूरजगंज-12 मीटर
महात्मा गांधी मार्ग जयस्तंभ-15 मीटर
रितुराज टॉकीज से नाला मोहल्ला-18 मीटर
ब्रिज से स्टेशन के आगे तक-24 मीटर
अंजनी मार्ग-18 मीटर
मदनमालवीय मार्ग शेष-12 मीटर
विद्यावती मार्ग-20 मीटर
डायवर्सन मार्ग- 30 मीटर
सनखेड़ा मार्ग-12 मीटर
रेलवे स्टेशन से राज टॉकीज के पीछे का मार्ग- 12 मार्ग
मास्टर प्लान के अनुसार क्या संभव है उसे देखकर प्रयास किया जाएगा प्लान के अनुसार डेवलपमेंट हो। शहर केे बाद जो होना है उसे मास्टर प्लान के अनुसार किया जा सकता है। शहर के अंदर गुंजाइश कम है।
सीपी राय, सीएमओ इटारसी