जबलपुर

अब सस्ते में होगा ब्रेस्ट कैंसर का इलाज, कॉलेज ने बनाया अनोखा डिवाइस

Breast cancer treatment: ब्रेस्ट कैसर सबसे पहले कांखों की ग्रंथि में फैलता है, इसकी जांच के लिए लिए उपयोग होने वाली सेंटीनल लिम्फ नोड बायोप्सी की डिवाइस महंगी होती थी।
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Feb 22, 2026
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affordable Breast cancer treatment (फोटो- freepik)

MP News: स्तन कैसर की जांच बायोप्सी के लिए मेडिकल कॉलेज अस्पताल के विशेषज्ञों ने ऐसा यंत्र तैयार किया है, जिससे स्तन की किसी भी गठान की जांच की सौ रुपए से भी कम में हो जाती है। पहले इस जांच पर चार हजार रुपए खर्च होते थे। अब ब्रेस्ट कैंसर के हर मरीज का इलाज निडिल बायोप्सी के बाद ही किया जाता है। इसी तरह ब्रेस्ट कैसर सबसे पहले कांखों की ग्रंथि में फैलता है, इसकी जांच के लिए लिए उपयोग होने वाली सेंटीनल लिम्फ नोड बायोप्सी की डिवाइस महंगी होती थी। कई शोध के बाद विशेषज्ञ इस जांच को सस्ती सुलभ बनाने में सफल हुए।

पहले स्तन कैंसर (Breast cancer) के मामलों में मरीज का पूरा हिस्सा हटा दिया जाता था। अब ऑन्को प्लास्टिक ब्रेस्ट सर्जरी जो सबसे एडवांस है, उसका यहां इलाज शुरू कर ब्रेस्ट कैसर पीड़ित महिलाओं का स्तन बचा लिया जा रहा है। इन उपलिब्धयों के साथ जबलपुर में स्थित नेताजी सुभाषचंद्र बोस मेडिकल कॉलेज अस्पताल का ब्रेस्ट कैसर ट्रीटमेंट सेंटर देश के एडवांस सेंटर के समकक्ष खड़ा हो गया है। (MP News)

ऐसे सस्ता हुआ इलाज

जांच में बायोप्सी की अनावश्यक महंगी जांच से बचते हुए समय पर सटीक निदान होता है। सेंटिनल लिम्फ नोड बायोप्सी कॉरपोरेट अस्पतालों में, जिसकी लागत 20-30 हजार तक होती है, वही प्रक्रिया यहां मेथिलीन ब्लू डाई से 100 रुपए से भी कम है। इससे हाथ की सूजन का जोखिम कम होता है। मरीज जल्दी सामान्य जीवन में लौटता है। टार्गेटेड एक्सिलरी लो कॉस्ट टार्गेटेड एक्सिलरी डिसेक्शन शोध के लिए नेताजी सुभाषचंद्र बोस मेडिकल कॉलेज के जबलपुर मॉडल को देशभर में बेस्ट प्रजेंटेशन अवॉर्ड मिला है।

डॉ. राममनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान लखनऊ में आयोजित बेस्ट टेक-2026 में यह अवॉर्ड मिला। इसमें विभागाध्यक्ष डॉ. दीप्ति बाला शर्मा और कैसर सर्जन संजय यादव को फैकल्टी के रूप में आमंत्रित किया गया था। अवॉर्ड के लिए देश के शीर्ष संस्थान एम्स, एसजीपीआई जैसे सेंटर ने भी दावेदारी की थी। मेडिकल कॉलेज के ब्रेस्ट कैसर सर्जन डॉ. संजय यादव ने बताया कि इस नवाचार में महंगे विदेशी उपकरणों के स्थान पर कम लागत वाले क्लिप व डाई का उपयोग किया जाता है। स्तन कैसर सर्जरी में टार्गेटेड एक्सिलरी डिसेक्शन जैसी विश्वस्तरीय तकनीक को सुलभबनाने पर काम किया गया है।

मरीजों का विश्वास बनाए रखने में मददगार

मरीजों के साथ अच्छा व्यवहार करें। उनकी स्वयत्तता, गोपनीयता और सम्मान Emica Con 2026 का ध्यान रखा जाए। नैतिकता चिकित्सा पेशे की आधारशिला है और मरीजों के विश्वास को बनाए रखने में मदद करती है। ये बातें चिकित्सकों ने शनिवार को आईएमए की ओर से आयाजित कॉन्फ्रेंस में कहीं। कॉन्फ्रेंस के विभिन्न सत्रों में सर्जरी, पीसीपीएमडीटी एक्ट, पॉक्सो, मेडिकोलीगल आस्पेक्ट्स विषयों पर चर्चा हुई।

पद्मश्री डॉ. एमसी डाबर की स्मृति में चिकित्सा क्षेत्र में नैतिकता और पारदर्शिता को बढ़ावा देने के लिए आईएमए हॉल में आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन एथिक्सकॉन-2026 में चिकित्सकों ने अपने विचार साझा किए। इस दौरान आईएमए के सभी पूर्व अध्यक्ष और सचिवों का सम्मान किया गया। कार्यक्रम में डॉ. जितेंद्र जामदार, डॉ. ऋचा शर्मा, डॉ. शामिख रजा, डॉ. अमरेंद्र पांडे, डॉ. कॉवरी शॉ पटेल, डॉ. पारिजात पांसे, डॉ. अविजीत विश्नोई, डॉ. मोहसिन अंसारी मौजूद रहे। (MP News)

Updated on:
22 Feb 2026 03:23 am
Published on:
22 Feb 2026 03:23 am