समय रहते प्राकृतिक रूप से उपचार नहीं किया गया, तो मां रेवा धीरे-धीरे खत्म हो जाएंगी। उन्हें सदानीरा बनाए रखने के लिए पॉलीथिन, थर्माकोल, प्लास्टिक, प्लास्टर ऑफ पेरिस से बनी प्रतिमाओं का विसर्जन प्रतिबंधित करना होगा।
Patrika Abhiyan : शहर की जीवनदायनी और लाखों लोगों के कंठों को तर करने वाली मां नर्मदा का कंचन जल सीवेज की गंदगी और इसमें मिलने वाले अपशिष्ट पदार्थों के कारण दूषित हो रहा है। समय रहते प्राकृतिक रूप से उपचार नहीं किया गया, तो मां रेवा धीरे-धीरे खत्म हो जाएंगी। उन्हें सदानीरा बनाए रखने के लिए पॉलीथिन, थर्माकोल, प्लास्टिक, प्लास्टर ऑफ पेरिस से बनी प्रतिमाओं का विसर्जन प्रतिबंधित करना होगा। ये बातें मंगलवार को पत्रिका अभियान सुन लो मां नर्मदा की पुकार के अंतर्गत गोपालबाग क्षेत्र में गोपाल विहार स्थित निजी स्कूल व कॉलेज में हुई संकल्प सभा में बच्चों ने कहीं।
सभी ने समर्थन करते हुए संकल्प किया कि अब कभी भी पॉलीथिन युक्त पूजन सामग्री का उपयोग नहीं करेंगे और उसे नर्मदा समेत अन्य जल स्रोतों में प्रवाहित नहीं करेंगे। इस दौरान छात्रा नम्रता ने कविता के माध्यम से नर्मदा को प्रदूषण मुक्त बनाने की अपील की। सभा में स्कूल डायरेक्टर स्टाफ ने विशेष सहयोग प्रदान किया। इस दौरान लॉ कॉलेज की एचओडी रुचि सिंह, डिग्री कॉलेज के प्राचार्य अभय घोडक़े, अर्पिता खरे, नीरजा मिश्रा, निधि खरे, हेमा तिवारी, अमिषा, स्कूल प्राचार्य टियाशा वॉर्नर, अनुपमा मिश्रा, नमिता चौबे, सुनीता शर्मा, रीतेश दिसोरिया आदि स्टाफ उपस्थित रहा।
नर्मदा को प्रदूषण मुक्त बनाने के लिए पत्रिका की मुहिम में उड़ान वेलफेयर फाउंडेशन के सदस्य भी शामिल हुए। उनका कहना था कि नदियां मां के समान हैं। इसलिए उनके जल को साफ और स्वच्छ बनाना हम सबका कर्तव्य है। नर्मदा जल को दूषित होने से बचाने के लिए प्लास्टिक कोटेड दोनों, पॉलीथिन, थर्माकोल आदि से बनी वस्तुओं के विसर्जन प्रतिबंधित करना होगा। इससे नर्मदा जल दूषित होता है। इसमें रहने वाली जीव-जंतुओं के जीवन पर भी संकट आ जाता है। फाउंडेशन की अध्यक्ष प्रीति गुप्ता ने मंगलवार को उमाघाट पर कहा कि उनके सदस्य आज के बाद कभी भी पॉलीथिन युक्त पूजन सामग्री का उपयोग नहीं करेंगे। उन्होंने घाट पर मौजूद लोगों को संकल्प दिलाया कि वे आटे से बने दीपकों का ही दीपदान करेंगे।
फाउंडेशन के सदस्य अपने साथ आटे के 101 दीये लेकर आए थे। उन्होंने उमाघाट पर दीप प्रज्ज्वलित किए। लोगों से उनका उपयोग करने की अपील की। कई लोगों ने पॉलीथिन कोटेड दोने का उपयोग नहीं करने का संकल्प लिया। महाआरती के संस्थापक ओंकार दुबे ने लोगों को पत्रिका अभियान की शपथ दिलाई। कहा कि इस अभियान से मां की सच्ची सेवा का संकल्प लिया जा रहा है। इस दौरान सौरभ कुशवाहा, मेघना लोधी, मुस्कान पाल, मुस्कान पटेल, सरिता द्विवेदी, साक्षी अतरबेल, सपना साहू, मोनिका गौतम, अंजनी राय, काशिश दुबे, अदिति वर्मा, पीयूष गुप्ता, विपिन अहिरवार, साहिल चौधरी, जयदीप कोल, मीना गुप्ता, अशोक गुप्ता, प्रतिभा श्रीवास्तव ने श्रमदान भी किया।
त्रिमूर्ति नगर स्थित एलबीएस स्कूल के विद्यार्थियों ने क्षेत्र में रैली निकालकर नर्मदा में पूजन सामग्री और प्रतिमा का विसर्जन नहीं करने की अपील की। लोगों को नर्मदा में बढ़ रहे प्रदूषण और उससे होने वाले नुकसान के बारे में बताया। स्कूल परिसर में अपने परिजन को भी इस अभियान का हिस्सा बनाने की शपथ ली, ताकि भविष्य में भी मां नर्मदा निर्मल बहती रहें। रैली में संचालक अतुल श्रीवास्तव, निधि श्रीवास्तव, टीचर रागिनी, सृष्टि, उमान, दीपाली, दीप्ति, प्रिया, संगीता सहित अन्य स्टाफ उपस्थित रहा।