
Jabalpur News : ट्रैफिक डिपार्टमेंट द्वारा लगातार चलाए जा रहे सड़क सुरक्षा और जागरूकता अभियानों के बावजूद मध्य प्रदेश में सड़क हादसे थमने का नाम नहीं ले रहे हैं। आलम ये हैं कि, सूबे में हर रोज सैकड़ों लोग सड़क हादसों का शिकार हो रहे हैं, जिनमें से दर्जनों अपनी जान भी गवा रहे हैं। ऐसे ही एक रफ्तार के कहर से जुड़ा मामला प्रदेश के जबलपुर जिले से सामने आया है। यहां एक ट्राले और कार के बीच हुई जोरदार भिड़ंत ने इलाके में सनसनी फैला दी है।
बता दें कि, जबलपुर जिले के अंतर्गत आने वाले पाटन थाना क्षेत्र के गुरुपिपरिया गांव में दमोह स्टेट हाइवे पर बुधवार को एक तेज रफ्तार ट्राले ने सामने से आ रही इको कार को जोरदार टक्कर मार दी है। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि, कार का अगला हिस्सा बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया है, जिसमें सवार 8 से 10 लोग बुरी तरह से फंसकर घायल हो गए। टक्कर के बाद इको चालक गंभीर रूप से घायल हुआ है। फिलहाल, सभी घायलों को पुलिस की सहायता से अस्पताल पहुंचा दिया गया है।
शुरुआती जानकारी के अनुसार, हादसे का शिकार हुए कार सवारों में सभी लोग एक ही परिवार के हैं। घायलों में महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं। ट्राले की रफ्तार और टक्कर की भीषणता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि, सामने से टक्कर मारने के बाद ट्राला कार को करीब 500 मीटर तक घसीटते हुए ले गया और दोनों वाहन सड़क किनारे स्थित एक गड्ढे में उतर गए। वहीं, चपेट में आए सभी कार सवार गंभीर रूप से घायल हुए, जिनमें से चालक की हालत बेहद नाजुक बताई जा रही है।
टक्कर इतनी भीषण थी कि, कार लगभग पूरी तरह से मिट गई है। उसका अगला हिस्सा इतना ज्यादा डैमेज हुआ है कि, घटना के बाद स्थानीय लोगों और पुलिस ने करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद अंत में कार की बॉडी काटकर चालक समेत अंदर फंसे सवारों को बाहर निकाला।
भीषण सड़क हादसे की जानकारी देते हुए पाटन थाना प्रभारी ने बताया कि, सूचना मिलते ही पुलिस टीम के साथ घटना स्थल पर पहुंचे। यहां हादसे का शिकार ट्राला लोहे के भारी एंगल लेकर जा रहा था, जबकि कार में महिलाओं और बच्चों समेत 8 से 10 लोग सवार थे। टक्कर इतनी जोरदार थी, कि कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई थी। ऐसे में खासतैर पर कार चालक को निकालने में ही करीब एक घंटे का समय लग गया। इसमें एक क्रैन के साथ साथ लोहे का सब्बल और हथोड़े का इस्तेमाल तक करना पड़ा। फिलहाल, सभी गायलों को वाहन से निकालकर एम्बुलेंस की सहायता से पाटन सिविल अस्पताल पहुंचा दिया गया है। फिलहाल, सभी का इलाज जारी है।