
जबलपुर। भ्रष्टाचार करके कितनी जल्दी धनकुबेर बना जा सकता है, इसका अंदाजा जल संसाधन विभाग में कार्यपालन यंत्री पद से वर्ष 2011 में रिटायर्ड कोदू प्रसाद तिवारी की बेनामी सम्पत्तियों को देखकर लगाया जा सकता है। जबलपुर की ईओडब्ल्यू टीम को पता चला है कि कोदू ने शिमला, नागपुर, कटनी और जबलपुर में कुछ प्रॉपर्टी बनाई हैं। ईओडब्ल्यू ने पूर्व में जब्त लाखों की नकदी, 3.50 किलो सोने की सिल्ली व जेवर और ढाई किलो चांदी के जेवर इनकम टैक्स विभाग में जमा कराए। कोर्ट से रजिस्ट्री पर रोक सम्बंधी आदेश की प्रति जबलपुर, कटनी, सतना कलेक्टर को भेजी है। जब्त वाहन सतना के सम्बंधित थाने व जबलपुर में केंट थाने में खड़े कराए गए हैं।
कोदू प्रसाद तिवारी ने नौकरी के दौरान अकूत सम्पत्ति बटोरी। 21 वर्ष की नौकरी में कोदू को भले ही वेतन व अन्य वैध आय से 52 लाख रुपए मिले, लेकिन उसकी प्रॉपर्टी की वर्तमान कीमत 30 करोड़ है। इसे बनाने में उसने 6.91 करोड़ रुपए निवेश किए। तिवारी ने वर्ष 2005 से 2011 के बीच 2.25 करोड़ की सम्पत्ति बनाई थी। वैध आय की अधिकतम बचत 30 लाख से अधिक नहीं हो सकती है। ईओडब्ल्यू ने 2015-16 में मिली शिकायत की जांच के बाद पांच सितम्बर 2018 को जबलपुर स्थित एपीआर कॉलोनी कंटगा, प्रभात कॉलोनी सतना और उसके पैतृक गांव बराकला में दबिश मारी थी। मामले में कोदू प्रसाद तिवारी सहित उसकी पत्नी गिरजा बाई, बेटा राकेश तिवारी और बहू प्रीति तिवारी के खिलाफ धारा 120बी भादवि और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज किया था।
जबलपुर में रसल चौक में एक फ्लैट, नर्मदा नगर बिलहरी में तीन हजार वर्गफीट के दो ड्यूप्लेक्स, एपीआर कॉलोनी कटंगा में 4000 वर्गफीट में बना बंगला, पैतृक गांव बराकला में विशाल आवास, सतना में विभिन्न कॉलोनियों में 12 प्लाट, 8000 वर्गफीट में बना आवास, 29 विभिन्न बैंक खातों में 76 लाख रुपए, 14 बीमा पॉलिसी में 30 लाख रुपए, 26 लाख रुपए पोस्ट ऑफिस में जमा, पांच लॉकरों में 41 लाख रुपए, तीन सोने की सिल्लियां, घर से 500 ग्राम सोने के जेवर, 2.50 किलो चांदी के जेवर-बर्तन, सतना में 100 एकड़ कृषि भूमि के दस्तावेज, चार लग्जरी वाहन, एक स्कूटी, एक पेट्रोल टैंकर, एक ट्रैक्टर और सतना में शिवम नाम से पेट्रोल पम्प। बुधवार को सारे नकदी, जेवर, प्रॉपर्टी के दस्तावेज जबलपुर इनकम टैक्स विभाग में जमा कराए गए। वाहन जब्त कर केंट और सतना के थाने में खड़ा कराया गया। ईओडब्ल्यू के एसपी नीरज सोनी ने बताया कि जल संसाधन विभाग में कार्यपालन यंत्री पद से रिटायर्ड कोदू प्रसाद तिवारी की बेनामी सम्पत्तियों को लेकर कुर्की का आदेश जारी होने के बाद नकदी-जेवर इनकम टैक्स विभाग में जमा करा दिया गया। वहीं सतना और जबलपुर में केंट में दो वाहन जब्त किए गए। पेट्रोल पम्प सील कर दिया गया है। प्रॉपर्टी की बिक्री पर रोक लगा दी गई है।