
जगदलपुर. बस्तर के संभागीय मुख्यालय में गुरुवार की सुबह जब शहर के लोग उठे तो वे सकते में रह गए। गीदम रोड पर एक ऐसा हादसा हुआ जिसकी कल्पना भी किसी ने नहीं की थी। पूरी सड़क खून से लाल थी और बिछी हुई थी 15 गायों की लाशें।
आरोपी ड्राईवर कांकेर में जा छुपा है
मिली जानकारी के अनुसार नगर पुलिस निमेश बैरेया ने बताया कि कल रात करीब 2 से 3 बजे के बीच जिस ट्रक ने गायों को कुचलकर फरार था। उसने घटना के बाद ही अपना फोन बंद कर रखा था। आरोपी ड्राईवर देवेंद्र ठाकुर का आखिरी लोकेशन कोंडागांव बताने के बाद आरोपी की तलाश जगदलपुर से लेकर रायपुर तक जारी रही। फिर कहीं से पता चला कि आरोपी ड्राईवर कांकेर में जा छुपा है। और पता चलने के बाद ही पुलिस कांकेर के लिए रवाना हो गई और आरोपी को पकड़ कर जगदलपुर लाया गया है।
आज कोर्ट में पेशी
पुलिस ने बताया कि आरोपी ड्राईवर देवेंद्र ठाकुर को बस्तर जिला मुख्यालय जगदलपुर लाया गया है और बताया जा रहा है कि आज आरोपी ड्राईवर देवेंद्र ठाकुर की कोर्ट में पेशी है।
जानिए क्या था मामला
शहर के गीदम रोड पर वन विद्यालय के पास बुधवार-गुरुवार की दरम्यानी रात करीब 2 बजे तेज रफ्तार ट्रक ने सड़क पर बैठी 9 गायों व 6 बछड़ों को रौंद दिया और मौके से वाहन सहित भाग निकला। घटना में 15 गाय व बछड़ों की मौके पर ही तड़प-तड़प कर मौत हो गई। इस हादसे को लेकर जहां शहर के नागरिकों में आक्रोश हैं। वहीं मवेशियों की सुरक्षा को लेकर नगर निगम की लापरवाही भी उजागर हुई है। जिसे लेकर अब विपक्ष भाजपा पार्टी पार्षद प्रतिनिधि मंडल ने इस गौ हत्या करार दिया है और मामले में नगर निगम महापौर को जिम्मेदार बताया है।
रास्ते में पड़ऩे वाले ढा़बा में भी छानबीन की गई
ट्रक क्रमांक सीजी 04-जेए- 6005 के दंतेवाड़ा जिले के किरंदुल निवासी चालक देवेन्द्र गीदम रोड पर बीच सड़क पर बैठे 15 गायों कुचलते हुए भाग निकला। इस हादसे में सभी गाय व बछड़ों की मौके पर ही मौत हो गई। स्थानीय लोगों ने बोधघाट टीआई अर्चना धुरंधर को मामले की सूचना दी। टीआई के साथ नगर पुलिस अधीक्षक नीमेश बरैया भी मौके पर पहुंचे। स्थानीय लोगों से पूछताछ के बाद आरोपी ट्रक चालक की तलाश शुरु की गई। उसे पकडऩे सभी थानों को सूचित किया गया। रास्ते में पड़ऩे वाले ढा़बा में भी छानबीन की गई लेकिन आरोपी भागने में कामयाब हो गया। इधर सुबह होते सड़क पर पड़े गायों के क्षत-विक्षत शवों को निगम कर्मियों व पुलिस ने मिलकर हटाया। सुबह पशु चिकित्सकों ने मृत मवेशियों का पीएम किया उसके बाद दफनाया गया।
ट्रक का नंबर प्लेट उखड़ कर गिरा
यह हादसा कितना भयंकर होगा इसका अंदाजा इस बात से ही लगाया जा सकता है कि ट्रक का नंबर प्लेट भी उखड़कर सड़क से दूर जाकर गिरा था। पुलिस को छानबीन के दौरान घटनास्थल से थोड़ी दूर सड़क पर इस ट्रक का नंबर प्लेट मिला। इसके सहारे ही ट्रक मालिक लोचन कुमार आनंद का पता लगा पाना संभव हुआ।