CG News: वन मंत्री केदार कश्यप ने जनजातीय समुदाय के पूर्वजों के इतिहास, स्वतंत्रता संग्राम में उनके योगदान और सामाजिक सुधारों से प्रेरणा लेने का आव्हान युवाओं एवं भावी पीढ़ी से किया।
CG News: धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा की शनिवार को देशभर में 150वीं जयंती मनाई गई। जगदलपुर में भी इस मौके पर सिटी ग्राउंड में एक खास कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राज्य के सीएम विष्णुदेव साय थे। उन्होंने मंच से जनजातीय समुदाय के सभी वीर योद्धाओं को नमन करते हुए प्रदेशभर को जनजातीय जोहार का संदेश दिया।
इस दौरान उन्होंने बताया कि उनकी सरकार प्रदेश में जनजातीय समुदाय के विकास के लिए क्या कुछ कर रही है। सीएम ने कहा कि हम जनजातीय समुदाय के समग्र विकास के लिए संकल्पित हैं। इस दौरान मुख्यमंत्री का पारंपरिक सिहाड़ी माला, पगड़ी और एक विशाल गजमाला भेंट कर सम्मान किया गया, जिसने पूरे आयोजन में सांस्कृतिक उल्लास से भर दिया।
मुख्यमंत्री साय ने सिटी ग्राउंड में बस्तर की आराध्य देवी मां दंतेश्वरी और बिरसा मुंडा के छायाचित्र सहित जनजातीय देवी-देवताओं की पूजा-अर्चना कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। मुख्यमंत्री ने जनजातीय उत्थान और सम्मान के लिए दिवस का गुण गाया।
जनजातीय गौरव दिवस के आयोजन में शामिल होने के लिए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय शनिवार को जगदलपुर पहुंचे थे। यहां उन्होंने पत्रकारों के सवाल के जवाब में कहा कि अब विपक्षी दल पूरी तरह फ्यूज बल्ब हो चुके हैं। विपक्ष की स्थिति अब ऐसी हो गई है कि वे लगातार हार से बौखला गए हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जब कभी विपक्ष को जीत मिल जाती है, तो न वे चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाते हैं और न ईवीएम पर। लेकिन जैसे ही हार होती है, वे उन्हीं संस्थाओं पर उंगली उठाने लगते हैं। मुख्यमंत्री साय ने कहा जनता समझती है और विपक्ष की इन विरोधाभासी बातों से उनका भरोसा पूरी तरह उठ चुका है। साय ने कहा कि सरकार केंद्र के मार्गदर्शन में जवाबदेह है। जनजातीय समुदाय ने सीएम का पारंपरिक तरीके से स्वागत किया।
कार्यक्रम में जगदलपुर के विधायक किरण देव ने बस्तर अंचल के जनजातीय समुदाय के क्रांतिकारी जननायक शहीद गुंडाधुर, डेबरीधुर, गेंदसिंह आदि के संघर्षों एवं योगदान को रेखांकित करते हुए कहा कि इन महापुरुषों ने आजादी की लड़ाई और बस्तर के जल-जंगल-जमीन की रक्षा के लिए अद्भुत त्याग किया।
कार्यक्रम में वन मंत्री केदार कश्यप ने जनजातीय समुदाय के पूर्वजों के इतिहास, स्वतंत्रता संग्राम में उनके योगदान और सामाजिक सुधारों से प्रेरणा लेने का आव्हान युवाओं एवं भावी पीढ़ी से किया। उन्होंने कहा कि इन महापुरुषों के आदर्शों पर चलकर जनजातीय संस्कृति के संरक्षण और सतत संवर्धन को आगे बढ़ाना हम सबकी जिम्मेदारी है।