CG News: कोसारटेडा डेम से जुड़े नहर विस्तार और मरम्मत कार्य का प्रस्ताव स्वीकृति की प्रक्रिया में है।
CG News: कोसारटेडा डेम से सिंचाई सुविधा को सशक्त बनाने के लिए नहरों के विस्तार और मरम्मत का कार्य जल्द प्रारंभ किया जाएगा। इस परियोजना के पूरा होने पर करीब 5 हजार हेक्टेयर अतिरिक्त कृषि भूमि को सिंचाई सुविधा का लाभ मिल सकेगा। वर्तमान में डेम की कुल सिंचाई क्षमता 11 हजार हेक्टेयर है, लेकिन नहरों की जर्जर स्थिति के कारण केवल 50 प्रतिशत क्षेत्र ही सिंचित हो पाता है।
डेम से पानी छोड़े जाने पर अधिकांश जल रिसाव या बहाव में व्यर्थ चला जाता है, जिससे किसानों के खेतों तक पानी नहीं पहुंच पाता। इस कारण लाखों लीटर पानी हर साल नष्ट हो जाता है। लंबे समय से किसान इस समस्या को लेकर आवाज उठा रहे थे और नहरों के पुनर्निर्माण की मांग कर रहे थे।
सिंचाई विभाग ने किसानों की मांग को ध्यान में रखते हुए 30 किलोमीटर लंबी नई नहर के निर्माण और पुरानी नहरों की मरम्मत के लिए प्रस्ताव तैयार किया है। इस कार्य पर करीब 42 करोड़ रुपए का व्यय प्रस्तावित है। विभागीय अधिकारियों के अनुसार जल्द ही कार्य प्रारंभ कर दिया जाएगा, और दो वर्षों के भीतर परियोजना को पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
परियोजना से न केवल खरीफ बल्कि रबी सीजन में भी किसानों को पर्याप्त पानी मिलेगा। वर्तमान में अधिकांश किसान वर्षा पर निर्भर रहते हैं और रबी फसल नहीं ले पाते। अब दलहन, तिलहन, सब्जी व नकदी फसलों की खेती भी बढ़ेगी। मिट्टी में नमी बनी रहेगी और उत्पादन लागत में कमी आएगी।
CG News: जल संसाधन विभाग और कृषि विशेषज्ञों के अनुसार, नई नहरों को पक्की संरचना तैयार किया जाएगा, जिससे पानी की बर्बादी रुकेगी और जल उपयोग दक्षता बढ़ेगी। इससे क्षेत्रीय कृषि को नया बल मिलेगा और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।
के.एस. भंडारी, अधीक्षण अभियंता, जल संसाधन विभाग: कोसारटेडा डेम से जुड़े नहर विस्तार और मरम्मत कार्य का प्रस्ताव स्वीकृति की प्रक्रिया में है। इससे जल उपयोग की क्षमता बढ़ेगी और किसानों को बड़ी राहत मिलेगी। हमारा प्रयास है कि कार्य समयबद्ध तरीके से हो और सिंचाई सुविधा को अधिकतम क्षेत्र तक पहुँचाया जा सके।