जगदलपुर

तेज रफ्तार पर लगाम की जगह सिर्फ चालान, जनता को राहत का इंतजार

ये कैसी कार्रवाई... जगदलपुर . बस्तर में आये दिन हो रहे सड़क हादसों को रोकने इन दिनों परिवहन विभाग एनएच 30 में वाहनों की जांच के नाम पर ट्रकों और अन्य माल वाहक गाड़ियों को रोक कर कार्रवाई के नाम पर चलाना और एंट्री वसूली में लगी हुई है लेकिन लगातार हादसों के जिम्मेदार बसों और उनके संचालको पर नकेल कसने में रुचि नहीं दिखा रही है यही वजह है कि अभी भी यहां जनता को परिवहन सुविधा में किसी तरह की राहत मिलती दिखाई नहीं दे रही है।

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Oct 08, 2022
सड़को पर वाहनों पर कार्रवाई नाम पर सिर्फ जुर्माना वसूली

बसों के रफ्तार पर असर नहीं

बस्तर में हो रहे लगातर सड़क हादसों से बस संचालको में अभी तक किसी तरह की कोई सुधार नहीं दिखाई दे रहा है। यहां से निकलने वाले रात्रिकालीन बसें अभी भी बिना रोकटोक के सीमा से अधिक गति से सड़कों पर दौड़ रही हैं। कई बार इन बसों के यात्री द्वारा गति धीमी करने की मांग किये जाने पर भी ड्राइवर अपनी मनमानी से बसों को तेज गति से चलाता है। कई बार ये बस सामने से आ रहे अन्य वाहन को साइड भी नहीं देते जिससे कई बार आपस मे टकराने के भय बना रहता है।

परमिट व बिना वर्दी के लिए सिर्फ चलान

इन बसों में परमिट से अधिक सवारी बिठाये जाने और चालक परिचालक द्वारा वर्दी नहीं पहने जाने पर सिर्फ चालानी कार्रवाई कर छोड़ दिया जा रहा है। यही वजह है कि यह बसें चालान भर कर मनमानी पूर्वक सड़कों पर दौड़ रहे हैं। परिवहन विभाग सिर्फ अपना राजस्व वसूली कर जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ रहा है।

उड़न दस्ता बना वसूली दस्ता

एनएच 30 में प्रतिदिन कहीं न कहीं परिवहन विभाग का उड़न दस्ता के अधिकारी और कर्मी द्वारा वाहनो को रोककर बाकायदा जांच के नाम पर जुर्माना वसूलने में लगे रहती है। उड़न दस्ता द्वारा इन वाहनो से टैक्स व अन्य मदों की वसूली कर रही है। इसके जरिए सरकारी राजस्व की प्राप्ति हो रही है लेकिन आम जनता के सुविधाओं में कोई बदलाव नही दिख रहा।

सड़कों के अंधेरे में ट्रकों का पार्किंग

एनएच में बस्तर जिले के भीतर सड़कों में जगह जगह ट्रकें व अन्य वाहन पार्किग कर खड़े कर दिए जाते हैं। इन ट्रकों के चलते कई बार वाहन दुर्घटना होने की संभावना बढ़ जाती है लेकिन परिवहन विभाग इन ट्रकों या अन्य वाहनों को सड़क से हटाने किसी प्रकार की कड़ाई नहीं करती यही वजह है कि बार बार इस तरह की पार्किंग दुहराया जाता है। इन में अधिकतर वाहनों में पीछे किसी तरह का रेडियम अथवा अन्य सुरक्षित साधन का आभाव दिखाई देता है इससे कई बार वाहनो के भिड़ने का आशंका बना रहता है।

Published on:
08 Oct 2022 10:39 pm
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