
जगदलपुर। बस्तर पुलिस ने शनिवार को अपहरण की एक कोशिश को नाकाम कर दिया। बस्तर एसपी शलभ सिन्हा ने मामले में जानकारी देते हुए बताया कि फरसागुड़ा में रायपुर के कुछ युवकों ने आशीष संचेती नामक युवक के साथ मारपीट करते हुए अपहरण की कोशिश की। आरोपी युवक आशीष संचेती की फरसागुड़ा स्थित दुकान में आ धमके और उसके साथ मारपीट करने लगे। इसके बाद उसे कार में जबरन बिठाकर ओडिशा की ओर ले जा रहे थे। इस बात की सूचना जब पुलिस कंट्रोल रूम को मिली तो तत्काल हाईवे पर पुलिस एक्टिव हुई और जिस कार से आशीष संचेती को ओडिशा की ओर ले जाया जा रहा था, उसे पकड़ लिया गया। कार के साथ आरोपियों को तत्काल थाने ले जाया गया। यह घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद हुई है। बताया जा रहा है की पुराने विवाद के चलते आरोपी युवकों ने आशीष को अगवा करने की साजिश रची थी। फिलहाल आरोपियों से पुलिस पूछताछ कर रही है। बस्तर एसपी ने बताया कि आरोपी और पीडि़त पहले से एक दूसरे को जानते हैं। आरोपियों में कुछ रायपुर तो कुछ दुर्ग के रहने वाले हैं। एसपी के मुताबिक आरोपियों ने जो प्रारंभिक बयान दिया है उसके अनुसार वे उसे कुछ दूर ले जाकर वापस छोडऩे वाले थे। आरोपियों ने अपहरण की बात से इंकार किया है। हालांकि पुलिस हर एंगल से उनके पूछताछ कर रही है। एसपी ने बताया कि पूछताछ पूरी होने के बाद मामले का खुलासा कर दिया जाएगा। इस पूरे मामले में रसूखदार युवकों के शामिल होने की जानकारी मिल रही है।
फरसागुड़ा से जगदलपुर नहीं पहुंच पाए थे और पकड़े गए
आरोपियों ने फरसागुड़ा में पीडि़त युवक से मारपीट के तत्काल बाद उसे जबरन कार में बिठाया और जगदलपुर रोड की ओर आगे बढ़े। तब तक आरोपियों के बारे में जानकारी पुलिस को मिल चुकी थी। पुलिस ने रास्तेभर में चेकिंग प्वाइंट को एक्टिव किया और जगदलपुर से पहले ही आरोपियों को दबोच लिया। बस्तर में आमतौर पर इस तरह की घटनाएं नहीं होती हैं लेकिन बस्तर पुलिस की तत्परता की वजह से एक बड़ी वारदात होते-होते रह गई।
जमीन विवाद का मामला सामने आ रहा
मामले में जो शुरुआती जानकारी मिली है उसके अनुसार आरोपी युवकों और आशीष संचेती के बीच किसी जमीन को लेकर विवाद था। यही मामला मारपीट और उसके बाद अपहरण तक पहुंच गया। हालांकि पुलिस ने अभी यह खुलासा नहीं किया है कि आरोपियों ने इस तरह से मारपीट के बाद अपहरण की वारदात को अंजाम क्यों दिया।