Transfer News: मुख्यमंत्री कार्यालय में भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारियों के बड़े फेरबदल के बाद अब 10 नए अधीनस्थ कर्मचारी लगाए गए हैं। इनमें दो अतिरिक्त निजी सचिव व 8 स्टेनोग्राफर शामिल हैं।
Ministerial Employees Transferred To CMO: मुख्यमंत्री कार्यालय में भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के अधिकारियों के बड़े फेरबदल के बाद अब अधीनस्थ स्तर पर भी बदलाव किए हैं। इसी क्रम में मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) में कुल 10 नए कर्मचारियों की नियुक्ति की गई। इन नियुक्तियों में दो अतिरिक्त निजी सचिव और आठ स्टेनोग्राफर शामिल हैं।
कार्मिक विभाग द्वारा इन नियुक्तियों के संबंध में आदेश रविवार को जारी किए जो कि अवकाश का दिन था। छुट्टी के दिन आदेश जारी होने को प्रशासनिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
आदेश के अनुसार पदस्थापन के लिए प्रतीक्षारत वीटा माथुर और कार्मिक विभाग में कार्यरत अतिरिक्त निजी सचिव राजेन्द्र कुमार सिंहवाल को मुख्यमंत्री कार्यालय में अतिरिक्त निजी सचिव के पद पर लगाया गया है। इन दोनों अधिकारियों को सीधे मुख्यमंत्री कार्यालय में जिम्मेदारी सौंपी गई है, जिससे प्रशासनिक कार्यों में समन्वय और दक्षता बढ़ाने की अपेक्षा है।
इसके अलावा आठ स्टेनोग्राफरों की भी नियुक्ति की गई है, जिन्हें अलग-अलग विभागों से मुख्यमंत्री कार्यालय में लगाया गया है। इनमें चिकित्सा शिक्षा विभाग से अनिल कुमार सैनी, कार्मिक विभाग से कृष्ण लाल शर्मा, ऊर्जा विभाग से महेन्द्र वर्मा, कृषि विभाग से जगदीश, वित्त विभाग से शैलेष बुराहडिया, राजस्व विभाग से देवी सिंह धाकड़, एपीओ चल रहीं रिचा बिलन्दी तथा सार्वजनिक निर्माण विभाग से दिव्यांशी बोयत शामिल हैं।
मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास ने रविवार को सभी 41 जिलों से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से जुड़ी 425 लखपति दीदियों ने संवाद किया। इस दौरान भरतपुर से लेकर जालौर और बीकानेर से लेकर डूंगरपुर तक की लखपति दीदियों ले अपने अनुभव साझा किए, वहीं सीएस ने 10-स्टेप रिफॉर्म लागू कर स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं के सशक्तीकरण के लिए क्रेडिट लिंकेज, मार्केट लिंकेज एवं स्किल लिंकेज आधारित रोडमैप तैयार करने के निर्देश दिए।
प्रदेश में राजीविका मिशन के अंतर्गत 4.34 लाख स्वयं सहायता समूहों से 51.22 लाख परिवारों की महिलाएं जुड़ी हैं। सीएस ने मिशन गतिविधियों की समीक्षा के लिए रविवार को राजस्थान ग्रामीण आजीविका विकास परिषद् (राजीविका) की बैठक ली। सीएस ने महिला निधि से संबंधित बैंकिंग प्रक्रियाओं, ऋण अवधि एवं पुनर्भुगतान प्रणाली आदि के बारे में भी जानकारी ली।